योहानी ने हमेशा सोचा था कि एकाउंटिंग उनका प्लान बी था. लॉजिस्टिक में स्नातक और एकाउंटिंग में परास्नातक पूरा करने के बाद योहनी ने कभी नहीं सोचा था कि संगीत की तरफ जाने की राह आसान होगी.
गृह मंत्रालय ने उनकी अर्जी में 'प्रतिकूल जानकारियों' के बहाने उनके एफसीआरए खाते का नवीकरण करने से मना किया मगर उन 'जानकारियों' का कोई खुलासा नहीं किया.
छात्र उससे पहले जो दलित महिला सुनीता देवी भोजन पकाती थी, उसे हटाए जाने का विरोध कर रहे थे. ऊंची जातियों के छात्रों ने सुनीता देवी का पकाया भोजन खाने से मना कर दिया था.
आइये, कामना करें कि आने वाले वर्ष 2022 में, जब कोरोना का नया वैरिएंट दुनिया की रफ्तार रोकने को उद्यत है, हमारा देश सारे अंदेशों को परे झटककर नई बुलदियां छुए.
उत्तराखंड के चंपावत जिले के गांव सुखीढांग के स्कूल में अगले दिन जब नई भोजन माता मिड-डे मील बनाती हैं तो स्कूल के अनुसूचित जाति के बच्चे खाने से मना कर देते हैं. सुनीता देवी कहती हैं कि 'जब उनके हाथ से सवर्णों ने नहीं खाया तो उनके बच्चे क्यों सवर्णों के हाथ का खाएं?'
देखा गया है कि नौकरियों के इच्छुक वो उम्मीदवार, जो किन्हीं विषयों या पेशों में माहिर होते हैं, परीक्षाओं का ज़्यादा आत्मविश्वास के साथ सामना करते हैं, अपेक्षाकृत उनके जो केवल प्रतियोगी परीक्षा पास करने के सहारे रहते हैं.
पाकिस्तान अधिकतर मामलों में भारत की बराबरी करे यह न केवल नामुमकिन है, बल्कि वह और पिछड़ता ही जाएगा. उसके नेता अपनी अवाम को अलग-अलग बोतल में सांप का तेल पेश करते रहेंगे.