'पठान' अगर रूढ़िवादियों और उदारवादियों, दोनों को मुंह छिपाने की जगह मुहैया कराती है, तो ‘धुरंधर’ ऐसी कोई कृपा नहीं करती. आदित्य धर ने आडंबर के चंदोवे को फाड़ डाला है और चाकू को घुमा भी दिया है.
बदकिस्मती को दोष मत दीजिए. यह बड़ी नाकामी और लापरवाही है. हालात इतने खराब हैं कि पुराने पीएसयू दौर की इंडियन एयरलाइंस और एयर इंडिया में भी इस पर बड़े अफसरों पर कार्रवाई हो जाती.
अब तक पाकिस्तान का कोई भी वजीर-ए-आज़म पांच साल का अपना कार्यकाल पूरा नहीं कर पाया, लेकिन मौजूदा प्रधानमंत्री ने सेना अध्यक्ष मुनीर को पांच साल और दे दिए, जो यही दर्शाता है कि इतिहास में जितने भी फौजी तानाशाह हुए उनमें पाकिस्तान वाले सबसे जूगाडू रहे हैं.
इस सीरीज को परिभाषित करने वाला तथ्य यह है कि भारत में लाल गेंद से खेले जाने वाले क्रिकेट का भारी पतन हो चुका है और मेहमान टीम हमसे ‘मशक्कत’ करवाने के दावे करके हमारा मखौल उड़ा सकती है.
तेजस एक बेहतरीन, कम कीमत वाला और ज़्यादातर देश में बना हुआ लड़ाकू विमान है, जिसका सुरक्षा रिकॉर्ड भी बहुत अच्छा रहा है. पिछले 24 साल में इसके सिर्फ दो हादसे हुए हैं, लेकिन ताज़ा हादसे के बाद इसका आत्म-विश्लेषण ज़रूरी हो जाता है.
कांग्रेस के दोबारा मजबूत हुए बिना, बीजेपी को राष्ट्रीय स्तर पर चुनौती नहीं दी जा सकती. मोदी की पार्टी बढ़ रही है और वह भी लगभग पूरी तरह कांग्रेस की कीमत पर.
बिहार के पास ऐसी उपजाऊ ज़मीन है जो पूरे भारत में सबसे ज्यादा क्रांतियों को जन्म देने वाली रही है. इसके बावजूद बिहार इतना पीछे क्यों रह गया? राजनीति का स्थायी जुनून ही उसके विनाश की मूल वजह है.
21 अक्टूबर को चर्चा उठी कि सरकार ने ऑपरेशन सिंदूर के लिए वीरता पुरस्कार पाने वालों की पूरी सूची उनके सिटेशन के साथ जारी कर दी है. मैंने सच्चाई जानने के लिए ‘एआई’ को काम पर लगाया और फिर मैं अंक कभी न खत्म होने वाले उलझे सिलसिले में फंस गया.
शिक्षा, आरक्षण, और सरकारी नौकरी समता और सम्मान दिलाने का लिए है लेकिन हम इससे कितने दूर हैं यह मुख्य न्यायाधीश पर जूता फेंके जाने और हरियाणा के IPS अफसर की आत्महत्या से साफ है. फिल्म ‘होमबाउंड’ एक सबक भी सिखाती है.
जब वामपंथी दल आक्रामक तरीके से हिंदू वोटों में सेंध लगा रहे हैं, तो बीजेपी के लिए तुरंत फायदा अपने कोर वोट बैंक को मजबूत करने में हो सकता है, उससे पहले कि वह अपना दायरा और फैलाए.