गुरुग्राम पुलिस के अनुसार, विशाल कुमार को कथित तौर पर सहकर्मी अमन जांगड़ा ने जो एक फाइनेंशियल फर्म में काम करते हैं, ऑफिस में बैठने की व्यवस्था में बदलाव को लेकर बुधवार को गोली मार दी थी.
अदालत ने कहा कि 2015 के अधिनियम के प्रावधानों के अनुसार, जिस अपराध के लिए उसे दोषी ठहराया गया था उस समय वो नाबालिग था, जिस कारण उसे मृत्युदंड की सजा नहीं दी जा सकती है.
पुलिस अधिकारी ने कहा, गिरिडीह के देवरी पुलिस थाने में दो अधिकारियों संगम पाठक और एस. के. मंडल समेत छह पुलिसकर्मियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है. उनमें से पांच को निलंबित कर दिया गया है.
उमेश पाल, जो कि बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) एमएलए राजू पाल की 2005 में की गई हत्या के प्रमुख गवाह थे, उन्हें और उनके दो सुरक्षाकर्मियों को 24 फरवरी को प्रयागराज में गोली मार कर हत्या कर दी गई थी.
अरियालुर जिला सचिव पी. मुथुवेल को 13 मार्च को 'जबरन वसूली' के आरोप में हिरासत में लिया गया था. अपनी एफआईआर में, फादर डोमिनिक सावियो ने आरोप लगाया था कि मुथुवेल ने 'उनकी छवि खराब' करने की धमकी दी थी.
कोटा, एक फरवरी (भाषा) चंबल अंतरराष्ट्रीय फिल्म महोत्सव का नौंवां संस्करण रविवार को यहां संपन्न हुआ, जिसमें राजस्थान में फिल्म निर्माण को बढ़ावा देने...