संसद के सोमवार से शुरू हुए मानसून सत्र में शामिल होने के लिए की गई कोविड-19 जांच में करीब 30 सांसद और संसद के 50 से अधिक कर्मचारी कोरोना वायरस से संक्रमित पाए गए.
स्वास्थ्य मंत्रालय की गाइडलाइंस में कहा गया है कि ठीक हुए मरीज़ों को कोविड के खिलाफ उपयुक्त एहतियात बरतना चाहिए जिसमें मास्क पहनना, हाथ साफ रखना और सोशल डिस्टेंसिंग नियमों का पालन करना शामिल है.
ये टेस्ट नेशनल एग्री-फूड बायोटेक्नोलॉजी इंस्टीट्यूट मोहाली और पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल एजुकेशन एंड रिसर्च चंडीगढ़ के रिसर्चर्स के दिमाग की उपज है.
ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय ने एक बयान में कहा है , 'इस तरह के बड़े परीक्षण में आशंका रहती है कि कुछ भागीदार अस्वस्थ होंगे और हर मामले का सावधानी पूर्वक मूल्यांकन कर सुरक्षा सुनिश्चित की जाएगी.'
कोविड कंट्रोल एंड कमांड सेंटर की तकनीकी समिति ने अनुशंसा में पाया गया है कि कोविड-19 पॉजिटिव मरीजों की मौतों का मुख्य कारण उनमें कमजोर इम्युनिटी, अन्य बीमारियां जैसे डायबिटीज, उच्च रक्तचाप, कैंसर, किडनी रोग, सिकलसेल रोगों से ग्रसित होना है.
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने बृहस्पतिवार को सभी राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों को लक्षण वाले सभी मरीजों की आरएटी की जांच के मामले में संक्रमण की पुष्टि नहीं होने पर आरटी-पीसीआर जांच कराने का निर्देश दिया.
यह सर्वे 11 मई से 4 जून के बीच किया गया, जिसमें 28,000 लोागें के रक्त के नमूनों की ‘कोविड कवच एलिसा’ किट का इस्तेमाल कर इम्यूनोग्लोबिन-जी एंटीबॉडी की जांच की गई.
एंटरप्रेन्योरशिप को एक वैध करियर विकल्प के रूप में सामान्य बनाने का श्रेय काफी हद तक उस पहचान और महत्व को जाता है जो नीतियों के जरिए स्टार्टअप्स को दिया गया है.