आंकड़ों के अनुसार देश में 75,44,798 लोगों के संक्रमण मुक्त होने के साथ मरीजों के ठीक होने की दर 91.68 प्रतिशत हो गई है. वहीं कोविड-19 से मृत्यु दर 1.49 प्रतिशत है.
टीके ‘कोवैक्सीन’ का निर्माण भारत बायोटेक और आईसीएमआर मिलकर कर रहे हैं. एम्स और कुछ अन्य अस्पतालों में इसका परीक्षण चल रहा है. एम्स में इसके परीक्षण को सबसे महत्वपूर्ण माना जा रहा है और इसमें दो चरण के परीक्षण संपन्न हो चुके हैं.
पिछले 24 घंटे में संक्रमण के 46,963 नए मामले सामने आए तथा महामारी से 470 और मरीजों की मौत हो गई. जबकि अब देश में कुल मामलों की संख्या बढ़कर 81,84,082 हो गई और मृतकों की संख्या 1,22,111 पर पहुंच गई.
विशेषज्ञों ने यह भी कहा कि आरटी-पीसीआर जांच बढ़ाने से बड़ी संख्या में संक्रमण के मामलों का पता लगाने में भी मदद मिली है, वरना उनका पता ही नहीं चल पाता.
स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सभी चिकित्सा महाविद्यालयों, स्वास्थ्य केंद्रों, निजी स्वास्थ्य इकाइयों और पॉलीक्लीनिकों सहित सभी चिकित्सा संस्थानों से कर्मचारियों की सूची भेजने को कहा गया है.
औपनिवेशिक खुफिया तंत्र क्रांतिकारियों को व्यक्ति के रूप में नहीं बल्कि खतरे के रूप में दर्ज करता था. ऐसा करके उसने कई ज़िंदगियों को इतिहास से निष्कासित कर दिया.