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Saturday, 17 January, 2026
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एमसीडी आवारा कुत्तों पर माइक्रोचिप लगाने, टीकाकरण के लिए 35 करोड़ रुपये का प्रावधान करेगा

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(वरुण भंडारी)

नयी दिल्ली, 17 जनवरी (भाषा) दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) आगामी बजट में आवारा कुत्तों पर माइक्रोचिप लगाने और टीकाकरण के लिए लगभग 35 करोड़ रुपये का प्रावधान करेगा। आधिकारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी।

माइक्रोचिप लगाने की प्रक्रिया में किसी जानवर की त्वचा के नीचे एक एकीकृत चिप लगाई जाती है, जिसके जरिए उसके टीकाकरण का रिकॉर्ड, स्थान और पहचान जैसी जानकारियां दर्ज की जाती हैं।

नगर निगम के अधिकारियों ने कहा कि यह बजटीय प्रावधान दिल्ली में आवारा कुत्तों की आबादी के बेहतर प्रबंधन के लिए किया जा रहा है, जो सार्वजनिक सुरक्षा और पशु स्वास्थ्य को लेकर बढ़ती चिंताओं को दर्शाता है।

अधिकारियों के मुताबिक, इस राशि में से 20 करोड़ रुपये नगर निगम सीधे खर्च करेगा, जबकि शेष 15 करोड़ रुपये पशु कल्याण के क्षेत्र में काम करने का अनुभव रखने वाले गैर-सरकारी संगठनों (एनजीओ) के साथ साझेदारी के माध्यम से खर्च किए जाएंगे।

अधिकारियों ने कहा, “एनजीओ के साथ यह तालमेल आवारा कुत्तों के टीकाकरण और उनकी निगरानी के लिए जरूरी जमीनी कामकाज का दायरा बढ़ाने और उसे तेज़ करने के उद्देश्य से किया जा रहा है।”

अधिकारियों ने बताया कि निगम ने अगले 2–3 महीनों में दिल्ली में कम से कम 25,000 कुत्तों पर माइक्रोचिप लगाने और टीकाकरण का लक्ष्य भी तय किया है।

उन्होंने कहा, “माइक्रोचिप से टीकाकरण का रिकॉर्ड, स्थान और पहचान जैसी अहम जानकारियां दर्ज की जा सकेंगी, जिनका इस्तेमाल आगे चलकर स्वास्थ्य की निगरानी करने और कुत्तों के काटने या बीमारी के प्रकोप जैसी स्थितियों में त्वरित कदम उठाने के लिए किया जा सकेगा।” उन्होंने यह भी बताया कि एक माइक्रोचिप की लागत लगभग 300 रुपये होगी।

निगम मानव-वन्यजीव संघर्ष को कम करने के प्रयास के तहत बंदरों को पकड़ने और उनका स्थानांतरण करने के लिए 60 लाख रुपये के प्रावधान की भी योजना बना रहा है। एक अधिकारी ने कहा, ‘‘हमने पिछले साल की तुलना में बंदरों को पकड़ने और उनका स्थानांतरण करने के लिए आवंटित राशि को दोगुना कर दिया है।’’

दिल्ली सरकार ने हाल में कहा था कि पिछले पांच वर्षों में विभिन्न आवासीय और व्यावसायिक इलाकों से नगर निकायों द्वारा 6,500 से अधिक बंदरों को असोला-भाटी वन्यजीव अभयारण्य में स्थानांतरित किया गया है।

नगर निगम के अनुसार, 2026-27 के बजट में पशु चिकित्सा सेवाओं के लिए 131.06 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

भाषा आशीष माधव

माधव

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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