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Sunday, 26 April, 2026
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प्रयोगशाला में तैयार हीरे की वृद्धि संभावनाओं पर गोयल ने की बैठक

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नयी दिल्ली, 29 अगस्त (भाषा) वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने सोमवार को प्रयोगशालाओं में तैयार हीरे के कारोबार से जुड़े लोगों के साथ बैठक कर इस क्षेत्र की मजबूती के लिए जरूरी कदमों पर चर्चा की।

गोयल ने बैठक के बाद अपने एक ट्वीट में कहा कि इस क्षेत्र में भारतीय हीरा उद्योग को आगे ले जाने की अत्यधिक संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा, ‘‘प्रयोगशाला में बनाए जाने वाले हीरे पर ध्यान देकर दुनिया के हीरा विनिर्माण केंद्र के रूप में भारत की छवि को मजबूत किया जा सकेगा।’’

प्रयोगशालाओं में कृत्रिम हीरे का निर्माण आधुनिक प्रौद्योगिकी की मदद से किया जाता है। हालांकि, यह हीरा भी रासायनिक एवं भौतिक रूप में और देखने में एकदम प्राकृतिक हीरे के समान होता है।

फिलहाल भारत प्रयोगशाला में तैयार हीरे के वैश्विक उत्पादन में करीब 15 प्रतिशत का योगदान देता है। भारत में इस हीरे का प्रसंस्करण केमिकल वेपोर डिपॉजिशन के जरिये किया जाता है।

प्रयोगशालाओं में तैयार हीरों का इस्तेमाल आभूषण उद्योग के अलावा कंप्यूटर चिप्स, उपग्रह और 5जी नेटवर्क में भी किया जाता है।

भाषा प्रेम प्रेम अजय

अजय

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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