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Monday, 27 April, 2026
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दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा भारत: मोदी ने जर्मनी में भारतीय समुदाय से कहा

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बर्लिन, दो मई (भाषा) प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को कहा कि एक नये उदयीमान भारत ने दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ने का अपना मन बना लिया है। साथ ही, उन्होंने प्रवासी भारतीयों से देश को विश्व स्तर पर बड़ी प्रगति हासिल करने में मदद करने का आग्रह भी किया।

मोदी ने यहां भारतीय समुदाय के सदस्यों को संबोधित करते हुए कहा कि युवा और महत्वाकांक्षी भारत ने तेजी से विकास हासिल करने के लिए राजनीतिक स्थिरता की जरूरत को समझा और महज एक बटन दबाकर तीन दशकों की अस्थिरता खत्म कर दी।

मोदी ने कहा, ‘‘21वीं सदी का यह समय भारत के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। आज के भारत ने अपना मन बना लिया है, वह संकल्प के साथ आगे बढ़ रहा है। जब देश संकल्प लेता है, तब वह नये रास्तों पर चलता है और इच्छित लक्ष्यों को प्राप्त करके दिखाता है।’’

प्रवासी भारतीयों के लिए प्रधानमंत्री का एक घंटे का संबोधन यहां ‘थिएटर एम पोस्टडैमर प्लात्ज’ में हुआ। यहां बड़ी संख्या में प्रवासी भारतीय एकत्र हुए थे। इस दौरान वहां मौजूद लोगों ने ‘‘भारत माता की जय’, ‘मोदी है तो मुमकिन है’ और ‘2024, मोदी फिर एक बार’ जैसे नारे लगाये।

इस कार्यक्रम में जर्मनी में भारतीय समुदाय के 1600 से अधिक सदस्यों ने भाग लिया, जिनमें छात्र, शोधकर्ता और पेशेवर शामिल थे।

मोदी ने कहा कि पिछले आठ वर्षों में भारत हर क्षेत्र- जीवन में सुगमता, जीवन की गुणवत्ता, रोजगार में आसानी, शिक्षा की गुणवत्ता, व्यापार करने में आसानी, यात्रा की गुणवत्ता, उत्पादों की गुणवत्ता- में तेज गति से प्रगति हासिल कर रहा है।

उन्होंने कहा, ‘‘भारत हर क्षेत्र में प्रगति की दिशा में तेजी से काम कर रहा है और उस यात्रा में नये मुकाम हासिल कर रहा था।’’

मोदी ने कहा, ‘‘नया भारत अब एक सुरक्षित भविष्य के बारे में नहीं सोचता है, बल्कि जोखिम लेने के लिए तैयार है, नया करने और विकास को बढ़ावा देने के लिए तैयार है। भारत में 2014 के आसपास 200-400 स्टार्ट-अप थे, आज 68,000 स्टार्ट अप और दर्जनों यूनिकॉर्न हैं…जिनमें से कुछ पहले ही 10 अरब डॉलर के आकलन के साथ डेका-कॉर्न बन गए हैं।’’

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि ऐसे समय में, जब दुनिया गेहूं की कमी से जूझ रही है, भारत के किसान दुनिया का पेट भरने के लिए आगे आए हैं। उन्होंने कहा, ‘‘जब भी मानवता संकट का सामना करती है, भारत एक समाधान के साथ आगे आता है। यह नया भारत है, यही नये भारत की ताकत है।’’

प्रधानमंत्री मोदी ने प्रवासियों से कहा, ‘‘मैं आप सभी से भारत के ‘स्थानीय’ (उत्पादों) को वैश्विक बनाने में मेरे साथ शामिल होने का आग्रह करता हूं। आप यहां के लोगों को भारत की ‘स्थानीय’ विविधता, ताकत और सुंदरता से आसानी से परिचित करा सकते हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘एक समय था जब किसी व्यवसाय को पंजीकृत करने में परेशानी होती थी। आज आपकी कंपनी को पंजीकृत करने में केवल 24 घंटे लगते हैं। यह शासन में लोगों के विश्वास को बहाल कर रहा है।’’

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि उनकी सरकार ने 25,000 से अधिक शर्तों को समाप्त कर दिया है और ‘‘हमारे नागरिकों की सुविधा के लिए 1,500 कानूनों को खत्म कर दिया गया है।’’

डिजिटल भुगतान तंत्र की सफलता को रेखांकित करते हुए प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि दुनिया भर में वास्तविक समय (रियल टाइम) डिजिटल भुगतान में भारत की हिस्सेदारी 40 प्रतिशत से अधिक है। उन्होंने कहा कि सरकार भी किसानों को सीधे उनके बैंक खातों में भुगतान करने के लिए डिजिटल भुगतान तंत्र का उपयोग कर रही है।

मोदी ने परोक्ष रूप से कांग्रेस पार्टी पर निशाना साधते हुए कहा कि अब किसी भी प्रधानमंत्री को यह अफसोस नहीं करना पड़ेगा कि वह एक रुपया भेजते हैं, लेकिन केवल 15 पैसे ही इच्छित लाभार्थी तक पहुंचता है।

उन्होंने तंज कसते हुए कहा, ‘‘वो कौन सा पंजा था, जो 85 पैसे घिस लेता था।’’ उन्होंने संभवत: कांग्रेस पार्टी के चुनाव चिह्न की ओर इशारा करते हुए यह कहा।

उन्होंने कहा कि पिछले आठ वर्षों में उनकी सरकार ने प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से लाभार्थियों को 22 लाख करोड़ रुपये से अधिक भेजे हैं।

जम्मू-कश्मीर को विशेष दर्जा देने वाले अनुच्छेद 370 के अधिकतर प्रावधानों को समाप्त करने की ओर इशारा करते हुए मोदी ने कहा कि देश एक था, लेकिन दो संविधान थे।

मोदी ने कहा, ‘‘लेकिन, इसे एक (संविधान) बनाने में इतना समय क्यों लगा। यह सुनिश्चित करने में सात दशक लग गए कि देश का एक संविधान हो। हमने इसे लागू किया।’’

भाषा अमित सुभाष

सुभाष

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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