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Friday, 17 July, 2026
होमरिपोर्टयोगी बोले- कभी डर और पलायन की पहचान था शामली, आज विकास और एक्सप्रेसवे का केंद्र बना

योगी बोले- कभी डर और पलायन की पहचान था शामली, आज विकास और एक्सप्रेसवे का केंद्र बना

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज शामली की तस्वीर पूरी तरह बदल चुकी है. उन्होंने कहा कि जैसे प्रयागराज तीन नदियों के त्रिवेणी संगम के लिए जाना जाता है, उसी तरह अब शामली दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे, शामली-अंबाला एक्सप्रेसवे और शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे का 'त्रिवेणी संगम' बन गया है.

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शामली: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को कहा कि कभी शामली डर, आतंक और पलायन की पहचान हुआ करता था, लेकिन आज यह जिला विकास और बेहतर कनेक्टिविटी का प्रतीक बन गया है.

शामली में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा, “10 साल पहले शामली को लेकर लोगों के मन में जिज्ञासा रहती थी. यह जिला आतंक और भय का प्रतीक बन गया था. यहां बड़े पैमाने पर पलायन होता था, खुलेआम गुंडागर्दी होती थी और कोई भी सुरक्षित नहीं था. विकास कार्य ठप थे, युवा निराश थे, किसान आत्महत्या कर रहे थे, महिलाएं और बेटियां घर से निकलने से डरती थीं, उद्योग बंद हो चुके थे और सड़कें गड्ढों से भरी थीं.”

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज शामली की तस्वीर पूरी तरह बदल चुकी है. उन्होंने कहा कि जैसे प्रयागराज तीन नदियों के त्रिवेणी संगम के लिए जाना जाता है, उसी तरह अब शामली दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे, शामली-अंबाला एक्सप्रेसवे और शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे का ‘त्रिवेणी संगम’ बन गया है.

मुख्यमंत्री ने कहा कि 2007 से 2017 के बीच समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी की सरकारों के दौरान 29 चीनी मिलें बंद हो गई थीं. उन्होंने दावा किया कि अब उत्तर प्रदेश में 122 चीनी मिलें चल रही हैं और राज्य चीनी, गन्ना और एथेनॉल उत्पादन में देश में पहले स्थान पर है. इससे किसानों की आय बढ़ रही है.

योगी ने कहा कि पहले कैराना में खुलेआम हत्याएं होती थीं, महिलाएं और बेटियां घर से बाहर निकलने से डरती थीं और लोगों को बिजली जैसी बुनियादी सुविधाएं भी नहीं मिलती थीं.

मुख्यमंत्री ने कांग्रेस और समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए उन्हें “जिन्ना के उपासक” बताया. उन्होंने कहा, “आज जो लोग आस्था की बात करते हैं, वही लोग 2017 से पहले ‘जय श्रीराम’ बोलने वालों पर लाठियां चलवाते थे और गोलियां चलवाते थे.”

उन्होंने आरोप लगाया कि पहले की सरकारें कांवड़ यात्रा पर रोक लगाती थीं, कृष्ण जन्माष्टमी और रामनवमी के जुलूस नहीं निकलने देती थीं और धार्मिक स्थलों की जमीनों पर कब्जा होने देती थीं.

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि डबल इंजन सरकार पश्चिमी उत्तर प्रदेश के किसानों और युवाओं के लिए चौधरी चरण सिंह के सपनों को पूरा करने का काम कर रही है.

उन्होंने कांवड़ संघों से अपील करते हुए कहा कि सभी श्रद्धालु मर्यादा और अनुशासन बनाए रखें. उन्होंने कहा, “सरकार कांवड़ियों की सुरक्षा और सुविधा के लिए हर संभव मदद कर रही है. यह सरकार आस्था का सम्मान करती है और कांवड़ यात्रा पर पुष्प वर्षा भी करती है, लेकिन सभी को अपनी मर्यादा का भी ध्यान रखना चाहिए.”

मुख्यमंत्री ने कहा कि यदि कहीं अनुशासनहीनता या गुंडागर्दी होती है तो विरोधी ताकतें इसका फायदा उठाकर कांवड़ यात्रा पर रोक लगाने का दबाव बनाने की कोशिश कर सकती हैं. इसलिए सभी श्रद्धालुओं से शांति और अनुशासन बनाए रखने की अपील की.

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