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Sunday, 26 April, 2026
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उत्तर भारत में भीषण गर्मी, 28 अप्रैल से बारिश से कुछ राहत मिलने की उम्मीद

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(तस्वीरों के साथ)

नयी दिल्ली, 26 अप्रैल (भाषा) उत्तर भारत के राज्य रविवार को लगातार लू की स्थिति से जूझते रहे, जहां राजस्थान, उत्तर प्रदेश और पंजाब में तापमान 45 डिग्री सेल्सियस के आसपास बना रहा।

हालांकि, एक पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने से 28 अप्रैल से तेज हवाएं चलने और बारिश होने का अनुमान है, जिससे गर्मी से कुछ राहत मिल सकती है।

भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने चेतावनी दी है कि अगले कुछ दिनों तक गर्म मौसम जारी रहने का अनुमान है और लोगों को लंबे समय तक धूप में न निकलने की सलाह दी है।

ऊर्जा मंत्रालय के ताजा आंकड़ों के अनुसार, भीषण गर्मी के कारण शनिवार को भारत में बिजली की अधिकतम मांग 256.11 गीगावाट के सर्वकालिक उच्च स्तर पर पहुंच गई, जिससे एयर कंडीशनर (एसी) और कूलर का उपयोग बढ़ गया। इसने शुक्रवार को बने 252.07 गीगावाट के पिछले रिकॉर्ड को तोड़ दिया।

दिल्ली में रविवार को अधिकतम तापमान 42.1 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3.1 डिग्री अधिक है। रिज क्षेत्र में सबसे अधिक 43.5 डिग्री तापमान रहा।

मौसम विभाग ने सोमवार के लिए शहर में लू जैसी स्थिति का ‘येलो अलर्ट’ जारी किया है और अधिकतम तापमान 44 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है।

मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भीषण गर्मी से निपटने के लिए विशेष उपायों की घोषणा की है, जिनमें बस स्टॉप पर छतों को ठंडा रखने के इंतजाम और पानी की ठंडी फुहार वाली मशीनें लगाना, स्कूली बच्चों को जीवन रक्षक घोल (ओआरएस) देना और निर्माण श्रमिकों को राहत पहुंचाना समेत पशु-पक्षियों की देखभाल के लिए व्यवस्थाएं शामिल हैं।

उन्होंने बिजली कंपनियों को अस्पतालों, पानी साफ करने के केंद्र और मोबाइल टावर को निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

उत्तर प्रदेश में रविवार को कई स्थानों पर लू की स्थिति बनी रही, जिसमें बांदा 46.6 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे गर्म रहा।

भीषण गर्मी का असर अयोध्या में भी देखा गया, जहां राम मंदिर आने वाले श्रद्धालुओं की संख्या रोजाना एक लाख से घटकर 40,000 से नीचे आ गई है।

हरियाणा में नारनौल (44.2 डिग्री) और पंजाब में बठिंडा (43.7 डिग्री सेल्सियस) अपने-अपने राज्य के सबसे गर्म स्थान रहे।

राजस्थान के कई हिस्से लू की चपेट में रहे, जहां अधिकांश इलाकों में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस के पार दर्ज किया गया। बाड़मेर और जैसलमेर 46 डिग्री के साथ सबसे गर्म रहे, जबकि कोटा और चित्तौड़गढ़ में पारा 45.2 डिग्री सेल्सियस रहा।

हिमाचल प्रदेश के ऊना और धर्मशाला में भी भीषण लू चली। मौसम विभाग द्वारा कुल्लू, कांगड़ा और मंडी के लिए सोमवार को लू का ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है। उत्तराखंड के देहरादून में अधिकतम तापमान 39.2 डिग्री रहा, जिसके चलते प्रशासन ने 27 अप्रैल को कक्षा एक से 12वीं तक के स्कूलों और आंगनवाड़ी केंद्रों को बंद रखने का आदेश दिया है। यह तापमान मौसम के औसत से पांच डिग्री सेल्सियस अधिक है। पंतनगर में राज्य का सर्वाधिक 39.8 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।

जम्मू के मैदानी इलाकों में लू का असर बना रहा और तापमान सामान्य से काफी ऊपर दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, जम्मू में अधिकतम तापमान 39.4 डिग्री सेल्सियस रहा, जो सामान्य से 3.7 डिग्री अधिक है।

मौसम विभाग के अधिकारी के अनुसार, जम्मू, कठुआ, सांबा, रियासी और उधमपुर जिलों में अगले दो दिनों तक मौसम गर्म और शुष्क रहने की संभावना है। साथ ही, 26-27 अप्रैल को कुछ स्थानों पर लू की स्थिति बनी रह सकती है।

ओडिशा के झारसुगुड़ा में तापमान 44.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। पश्चिम ओडिशा के सात स्थानों पर पारा 43 डिग्री से ऊपर रहा।

भीषण गर्मी का कहर दक्षिण भारत के राज्यों में भी देखने को मिला।

दक्षिण भारत में, तमिलनाडु के 10 से अधिक जिलों में तापमान 100 डिग्री फैरेनहाइट से अधिक दर्ज किया गया।

केरल के कई जिलों में भी भीषण गर्मी और उमस को लेकर ‘येलो अलर्ट’ जारी किया गया है।

मौसम विभाग के अनुसार, पलक्कड़ में पारा 40 डिग्री और कोल्लम में 39 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने का अनुमान है।

भाषा सुमित देवेंद्र

देवेंद्र

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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