नई दिल्ली: सत्य निकेतन में इमारत गिरने से कम से कम सात लोगों की मौत के एक दिन बाद, दिल्ली नगर निगम (MCD) ने दक्षिण जोन के डिप्टी कमिश्नर समेत पांच अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया है.
पुलिस ने दिप्रिंट को बताया कि इमारत के मालिक हरिराम बंसल को राजस्थान के भिवाड़ी से गिरफ्तार किया गया है.
दिप्रिंट को मिले MCD के आदेश में कहा गया है कि दक्षिण जोन के डिप्टी कमिश्नर राकेश कुमार को दिल्ली म्यूनिसिपल कॉरपोरेशन सर्विसेज (कंट्रोल एंड अपील) रेगुलेशन, 1959 और लागू दूसरे नियमों के तहत तुरंत प्रभाव से सस्पेंड किया गया है.
रणवीर सिंह, सुपरिंटेंडेंट इंजीनियर (दक्षिण जोन), ललित कुमार गोयल, एग्जीक्यूटिव इंजीनियर, बिल्डिंग, सुनील चौहान, असिस्टेंट इंजीनियर और आशीष कुमार, जूनियर इंजीनियर को भी सस्पेंड किया गया है.
दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के कार्यालय ने X पर एक पोस्ट कर प्रशासन की ओर से लिए गए इस फैसले की जानकारी दी.
As per the directions of Chief Minister Smt. Rekha Gupta in the Satya Niketan incident.
MCD Deputy Commissioner, Executive Engineer, Superintending Engineer, Assistant Engineer and Junior Engineer suspended.
— CMO Delhi (@CMODelhi) September 7, 2026
इस बीच, दिल्ली के मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने मीडिया को बताया कि शुरुआती जांच में संकेत मिला है कि पुरानी इमारत के बेसमेंट में चल रहा काम गिरने की वजह हो सकता है. अब तक 12 लोगों को बचाया जा चुका है.
मामले का संज्ञान लेते हुए दिल्ली पुलिस ने बंसल और अन्य लोगों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 105 (गैर-इरादतन हत्या), 290 (लापरवाही से निर्माण कार्य) और 125(a) (किसी की जान या निजी सुरक्षा को खतरे में डालने वाला कृत्य) के तहत FIR दर्ज की है.
इससे पहले फरार चल रहे इमारत मालिक के खिलाफ लुकआउट नोटिस जारी किया गया था.
एक अन्य घटनाक्रम में, MCD ने घटनास्थल के पास क्षतिग्रस्त इमारतों को गिराने के नोटिस जारी करना शुरू कर दिया है. सत्य निकेतन में इमारत नंबर 13 को भी नोटिस जारी किया गया है. इसमें कहा गया है कि यह इमारत वहां रहने वाले लोगों, आने-जाने वाले लोगों, राहगीरों और आसपास की इमारतों के लिए खतरा है.
नोटिस में कहा गया, “अगर मालिक या वहां रहने वाला व्यक्ति आदेश मिलने के तीन दिनों के अंदर इमारत को नहीं गिराता है, तो MCD इसे गिरा देगा और इसका खर्च मालिक से टैक्स के बकाया के तौर पर वसूला जाएगा.”
यह नोटिस दिल्ली नगर निगम अधिनियम, 1957 की धारा 348 को धारा 491 के साथ पढ़ते हुए MCD के दक्षिण जोन के एग्जीक्यूटिव इंजीनियर (बिल्डिंग)-I की ओर से जारी किया गया है.