बेंगलुरु, 31 अक्टूबर (भाषा) कर्नाटक की राज्यपाल सुधा यादव और मुख्यमंत्री डी के शिवकुमार ने उत्तराखंड में हेलीकॉप्टर दुर्घटना में राज्य के पांच पर्यटकों की मौत पर शनिवार को शोक व्यक्त किया।
शुक्रवार को उत्तराखंड के जोशीमठ में हुए हेलीकॉप्टर हादसे में मारे गए छह लोगों में बेंगलुरु पुलिस का एक निरीक्षक भी शामिल था।
शिवकुमार ने यहां संवाददाताओं से कहा कि उनकी सरकार प्रभावित लोगों को आवश्यक सहायता मुहैया कराने के लिए संबंधित अधिकारियों के साथ समन्वय कर रही है।
उन्होंने कहा, ‘‘मैंने भी पिछले दो-तीन वर्षों के दौरान उस स्थान का दौरा किया है। इस स्थिति में कर्नाटक के हमारे लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। दिल्ली में सभी संबंधित सरकारें और अधिकारी भी इस मामले पर करीबी नजर रख रहे हैं। मैंने उन्हें सभी आवश्यक जानकारी दे दी है।’’
हादसे में जान गंवाने वाले पांच पुरुष यात्रियों की पहचान हासन के व्यवसायी प्रताप, बेंगलुरु पुलिस की केंद्रीय अपराध शाखा के निरीक्षक अरुण सालुंके, अधिवक्ता शंकर गौड़ा और सुधीर के. तथा पोल्ट्री व्यवसायी एच. एस. नटराज के रूप में हुई है।
हेलीकॉप्टर के पायलट कैप्टन हिमांशु की भी हादसे में मौत हो गई।
इस घटना को ‘‘दुर्भाग्यपूर्ण और दुखद’’ बताते हुए शिवकुमार ने कहा कि संबंधित लोग तीर्थाटन के लिए यात्रा पर निकले थे, जिससे यह त्रासदी और भी हृदयविदारक हो गई।
उन्होंने कहा, ‘‘यह वास्तव में दुर्भाग्यपूर्ण है। दिवंगत आत्माओं को शांति मिले। मैं प्रार्थना करता हूं कि हमारे सभी पर्यटक भविष्य में अधिक सावधानी बरतें। हमें आगे से ज्यादा सतर्क रहना होगा।’’
दस अक्टूबर को मंदिरों को बंद किए जाने का जिक्र करते हुए शिवकुमार ने कहा कि उन्होंने वहां के संतों से बात की थी, जिनमें केदारनाथ में रहने वाले कर्नाटक के संत भी शामिल थे।
वहीं, राज्यपाल सुधा यादव ने शोकसंतप्त परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
उन्होंने एक बयान में कहा, ‘‘जोशीमठ के पास हुए भीषण हेलीकॉप्टर हादसे से मैं बेहद दुखी हूं, जिसमें छह लोगों की जान चली गई। इस दुखद दुर्घटना में लोगों की जान जाने से गहरा दुख पहुंचा है। मैं दिवंगत आत्माओं की शांति के लिए प्रार्थना करती हूं। इस दुख की घड़ी में मेरी संवेदनाएं और प्रार्थनाएं शोक संतप्त परिवारों के साथ हैं।’’
बयान में कहा गया, ‘‘राज्यपाल कार्यालय प्रभावित परिवारों को सभी आवश्यक सहायता और सहयोग मुहैया कराने तथा मृत तीर्थयात्रियों के पार्थिव शरीर को पूरे सम्मान के साथ कर्नाटक पहुंचाने के लिए संबंधित अधिकारियों के साथ करीबी समन्वय बनाए हुए है।’’
भाषा
राखी नेत्रपाल
नेत्रपाल
यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.