खूंटी, आठ जुलाई (भाषा) केरल के वायनाड में एक दिन पहले हुए भूस्खलन में जान गंवाने वाले झारखंड के खूंटी जिले के 25 वर्षीय युवक का शव बुधवार को खराब मौसम के कारण यहां नहीं लाया जा सका। एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।
खूंटी के श्रम अधीक्षक वाल्टर कुजूर ने रात नौ बजकर 20 मिनट पर संवाददाताओं को बताया कि केरल के अधिकारियों से सूचना मिली कि भारी बारिश के कारण शव को लेकर आने वाला विमान उड़ान नहीं भर सका।
कुजूर, मृतक के परिजनों के साथ रांची के बिरसा मुंडा हवाई अड्डे पर उसके शव को लाये जाने का इंतजार कर रहे थे।
अधिकारी ने बताया, “हमें बताया गया कि शव को बृहस्पतिवार सुबह रांची लाया जाएगा।”
रांची में राज्य प्रवासन नियंत्रण कक्ष की टीम लीडर शिखा लाकड़ा ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि मृतक की पहचान अनमोल डोडराई के तौर पर हुई है।वह तोरपा प्रखंड के अंतर्गत पाटपुर के जरिया पंचायत इलाके का रहने वाला था।
डोडराई उन तीन लोगों में शामिल था जिनकी मौत केरल के पर्वतीय जिले में एक सुरंग मार्ग के निर्माण स्थल पर हुए भूस्खलन में हो गई थी।
लाकड़ा ने कहा, ‘‘हमने वायनाड जिला प्रशासन और युवक के रिश्तेदारों से संपर्क किया है। पोस्टमार्टम के बाद आज शाम को शव को विमान से रांची लाया जाएगा। हम वायनाड के अधिकारियों के जरिए मृतक के परिवार को उचित मुआवजा दिलाने की भी कोशिश कर रहे हैं।’’
खूंटी के श्रम अधीक्षक वाल्टर कुजूर ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया कि युवक एक गरीब परिवार से ताल्लुक रखता था। उसके शव को रांची से उसके पैतृक गांव लाने की व्यवस्था की जा रही है।
युवक के पड़ोसी और रिश्तेदार वाल्टर हेम्ब्रम ने बताया कि डोडराई ही परिवार का एकमात्र कमाने वाला सदस्य था।
हेम्ब्रम ने कहा, ‘‘डोडराई सबसे बड़ा बेटा था। उसकी दो बहनें हैं, जिनमें से एक की शादी हो चुकी है और एक छोटा भाई है जो स्कूल में पढ़ाई कर रहा है। मैंने डोडराई की पिछले साल स्नातक (बीए) की पढ़ाई पूरी करने में मदद की थी। इसके बाद इस साल फरवरी में उसे वायनाड में सुरंग परियोजना में श्रमिक के रूप में नौकरी मिली थी।’’
रिश्तेदार ने बताया कि डोडराई की मौत के बाद परिवार के सदस्य बेहद दुखी हैं और अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं।
भाषा जितेंद्र शोभना
शोभना
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