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Thursday, 5 March, 2026
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जीएसटी के कारण नुकसान की भरपाई के लिए 50,000 करोड़ रुपये जारी करे केंद्र: पंजाब वित्त मंत्री

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नयी दिल्ली, 21 अगस्त (भाषा) पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने बृहस्पतिवार को केंद्र से मांग की कि वह माल एवं सेवा कर (जीएसटी) के लागू होने के बाद हुए नुकसान की भरपाई के लिए राज्य को तुरंत 50,000 करोड़ रुपये की क्षतिपूर्ति जारी करे।

चीमा ने स्वास्थ्य एवं बीमा, दरों को युक्तिसंगत बनाने और क्षतिपूर्ति उपकर पर जीएसटी मंत्री समूह की दो दिवसीय बैठक में भाग लेने के बाद दावा किया कि 2017 में जीएसटी लागू होने के बाद से पंजाब को कुल 1.11 लाख करोड़ रुपये का वित्तीय नुकसान हुआ है।

उन्होंने कहा कि केंद्र से लगभग 60,000 करोड़ रुपये की क्षतिपूर्ति के रूप में प्राप्त होने के बावजूद, 50,000 करोड़ रुपये अब भी लंबित हैं।

पंजाब सरकार ने एक बयान में दावा किया गया है कि केंद्र सरकार ने जीएसटी लागू होने के कारण हुए वित्तीय नुकसान के एवज में राज्यों को पांच साल क्षतिपूर्ति के पैकेज की घोषणा की थी, लेकिन अब यह क्षतिपूर्ति बंद कर दिया गया है।

चीमा ने कहा कि पंजाब सरकार जीएसटी दरों को युक्तिसंगत बनाने के विरोध में नहीं है, लेकिन केंद्र सरकार को राज्यों को हुए वित्तीय नुकसान की जिम्मेदारी लेनी चाहिए।

उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार लगातार राज्यों के वित्तीय ढांचे को कमजोर कर रही है, जो देश के संघीय ढांचे पर एक बड़ा हमला है।

चीमा ने यह भी दावा किया कि अब केंद्र पंजाब को धनराशि जारी करने से भी कतरा रहा है।

उन्होंने आरोप लगाया कि जीएसटी के अलावा, ग्रामीण विकास निधि के 8,000 करोड़ रुपये और प्रधानमंत्री सड़क योजना के तहत 1,000 करोड़ रुपये से अधिक की राशि भी रोकी जा रही है।

चीमा ने कहा कि जब जीएसटी लागू किया गया था, तब सभी राज्य देश के साथ एकजुट थे, लेकिन अब जब राज्यों को वित्तीय नुकसान की भरपाई का मुद्दा उठ रहा है, तो केंद्र आंखें मूंद रहा है।

उन्होंने कहा कि केंद्र ने अब तक जीएसटी में 27 संशोधन किए हैं और 15 बार दरों को समायोजित किया है।

चीमा के अनुसार, अब प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने पांच प्रतिशत और 18 प्रतिशत की दो स्लैब वाला एक नया कर ढांचा प्रस्तावित किया है। उन्होंने कहा कि अगर ये नए बदलाव लागू भी हो जाते हैं, तो भी केंद्र सरकार को राज्यों को होने वाले वित्तीय नुकसान की भरपाई की जिम्मेदारी लेनी चाहिए।

भाषा रमण अजय

अजय

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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