(मनाल मोहम्मद, वरिष्ठ लेक्चर) लंदन, 28 दिसंबर (द कन्वरसेशन) शरणार्थियों के स्वास्थ्य पर अक्सर बीमारियों के प्रकोप, कुपोषण और मानसिक तनाव जैसी समस्याओं के...
ढाका, 28 दिसंबर (भाषा) बांग्लादेश में फरवरी में प्रस्तावित चुनाव से पहले जमात-ए-इस्लामी के साथ प्रस्तावित गठबंधन के प्रस्ताव को लेकर छात्र नेतृत्व वाली...
(योषिता सिंह) न्यूयॉर्क/वाशिंगटन, 28 दिसंबर (भाषा) दंडात्मक शुल्क, पाकिस्तान के साथ संघर्ष और कठोर आव्रजन नीतियों के कारण 2025 में अमेरिका और भारत के...
ढाका, 28 दिसंबर (भाषा) बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री एवं बांग्लादेश नेशनलिस्ट पार्टी (बीएनपी) की अध्यक्ष खालिदा जिया की हालत “बेहद नाजुक” बनी हुई है।...
पर्यवेक्षकों का मानना है कि यह समझौता युवा-नेतृत्व वाली उन उभरती राजनीतिक ताकतों को एकजुट करने की दिशा में एक अहम कदम है, जिन्होंने सितंबर के आंदोलन का नेतृत्व किया था. इसी आंदोलन के कारण के.पी. शर्मा ओली के नेतृत्व वाली सरकार गिर गई थी.
किसी भी युद्ध को जीतने तो क्या, शुरू करने की कुंजी यह होती है कि उसका लक्ष्य स्पष्ट हो. यह पूरी तरह से राजनीतिक विषय होता है. यह न तो भावनात्मक मामला होता है, और न ही शुद्ध रूप से सैन्य मामला.