1-12 मई के बीच, राज्य की प्रमुख सुविधा गोवा मेडिकल कॉलेज और अस्पताल में 417 कोविड रोगियों की मृत्यु हो गई – जिनमें से अधिकांश ऑक्सीजन की कमी के कारण थी.
6 मई से काम कर रहे चेन्नई के वॉर रूम में 200 अस्पताल और नर्सिंग होम, स्टॉक पर नज़र रखने और आपूर्तिकर्ताओं और पुलिस के साथ समन्वय स्थापित करने में कोई देरी नहीं की है.
डॉ. रेड्डीज ने बयान जारी कर कहा है, 'फिलहाल आयतित डोज़ की कीमत 948 रुपये+ 5 फीसदी जीएसटी है. लेकिन जैसे ही लोकल सप्लाई शुरू होगी इसकी कीमत कम होने की संभावना है. '
महाराष्ट्र में ब्लैक फंगस से मरने वाले लोगों की दर अधिक है और इसने स्वास्थ्य विभाग की मुश्किलें बढ़ा दी हैं जिसने अपने सभी संसाधनों को कोविड-19 से लड़ने में लगा रखा है.
रॉयटर्स की एक रिपोर्ट में कहा गया कि गुजरात में कुछ लोग ‘हफ्ते में एक बार गौशालाओं में जाते हैं और अपने शरीर पर गौमूत्र तथा गोबर का लेप करते हैं, ताकि इससे उन्हें कोरोनावायरस से बचने या उससे ठीक होने में सहायता मिलेगी.’
तमिलनाडु, आंध्र प्रदेश और केरल ने मोदी सरकार को लिखा है कि कोविड मामले बढ़ने के कारण उनके यहां आई कमी को देखते हुए उनकी ऑक्सीजन की बढ़ी मांग को पूरा किया जाए.