प्रमुख सरकारी और निजी अस्पतालों के कई डॉक्टरों की टिप्पणी बाजारों से उन तस्वीरों के सामने आने पर आयी है जिनमें देखा जा सकता है कि लोग कोविड संबंधी उपयुक्त व्यवहार नहीं कर रहे.
देश में 75 दिन बाद संक्रमण के इतने कम नए मामले सामने आए हैं और दैनिक संक्रमण दर भी घटकर 3.45 प्रतिशत हो गई है. जबकि पिछले 24 घंटे में मरने वालों की संख्या 2726 है.
मुख्य सचिव एच के द्विवेदी ने कहा कि नियोक्ताओं को कर्मचारियों के परिवहन की व्यवस्था करनी होगी क्योंकि सार्वजनिक परिवहन सेवाओं पर प्रतिबंध अगले आदेश तक जारी रहेगा.
पंजाब में सबसे अधिक मौतें दर्ज करने वाले जिलों पटियाला, लुधियाना, फरीदकोट और अमृतसर में कोविड के कारण जान गंवाने वाले 60% से अधिक लोग या तो मोटापे से पीड़िते था या फिर डायबिटीज या हाइपरटेंशन के शिकार थे.
भारत को औषधि महानियंत्रक (डीसीजीआई) ने 12 मई को दो से 18 साल आयुवर्ग के बच्चों में भारत बायोटेक के कोवैक्सीन के दूसरे और तीसरे चरण के नैदानिक परीक्षण करने की मंजूरी दे दी थी.
बिहार के महादलित टोलों में, ग्रामीणों में वैक्सीन के आर्थिक लाभ को लेकर ज़्यादा उत्सुकता दिखाई दी. प्रशासन का कहना है कि वो इस हिचकिचाहट को दूर करने के लिए काम कर रहा है.
यह निर्णय इन जिलों में प्रति 10 लाख की आबादी पर सप्ताह में सामने आए संक्रमण के कुल मामलों, संक्रमण दर, बिस्तरों पर भर्ती मरीजों की संख्या, मृत्यु दर और टीकाकरण अभियान के लक्ष्य की प्राप्ति को ध्यान में रखकर किया गया है.
राजनीतिक नेतृत्व ने 1971 की तरह 2020 में भी सैन्य मामलों में दखल न देकर सही राजनीतिक निर्देश जारी किया, और रक्षा मंत्री ने सेना अध्यक्ष को सलाह दी कि 'जो उचित समझो वो करो.'