नयी दिल्ली, 25 अप्रैल (भाषा) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने घर खरीदारों के साथ कथित धोखाधड़ी से जुड़े धनशोधन मामले की जांच के सिलसिले में रियल एस्टेट कंपनी रहेजा डेवलपर्स के परिसरों पर शनिवार को छापेमारी की।
अधिकारियों ने बताया कि इस कार्रवाई के तहत दिल्ली-राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में करीब सात परिसरों पर छापे मारे जा रहे हैं। एजेंसी ने ऐसी ही जांच के तहत जून 2025 में भी कंपनी के परिसरों पर छापा मारा था।
उन्होंने कहा कि कंपनी की परियोजना ‘रहेजा रेवांता’ में घर खरीदारों से कथित धोखाधड़ी करने और फ्लैट नहीं दिए जाने के मामले में यह छापेमारी की जा रही है।
कंपनी ने हालांकि इस परियोजना में किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या धोखाधड़ी से इनकार किया है।
रहेजा डेवलपर्स ने एक बयान में कहा, “रेरा की निगरानी में किए गए फॉरेंसिक ऑडिट से पुष्टि हुई है कि कंपनी ने ग्राहकों से प्राप्त राशि से कहीं अधिक निवेश किया है और किसी भी धनराशि का दुरुपयोग नहीं किया गया है।”
इसमें कहा गया, “परियोजना में देरी का मुख्य कारण आवश्यक सरकारी बुनियादी ढांचे का अभाव है, जबकि ईडीसी/आईडीसी का पूरा भुगतान कर दिया गया है।”
इसमें यह भी कहा गया है कि पानी, बिजली, सीवरेज और अग्निशमन प्रणालियों जैसी महत्वपूर्ण सेवाओं के बिना 61 मंजिला इमारत का कब्जा सुरक्षित रूप से नहीं सौंपा जा सकता है।
रहेजा डेवलपर्स ने दिल्ली-एनसीआर, विशेषकर गुरुग्राम में कई आवासीय परियोजनाएं विकसित की हैं। वित्तीय संकट के कारण इसकी कुछ परियोजनाएं विलंबित हैं।
भाषा
प्रशांत दिलीप
दिलीप
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