भुवनेश्वर, 18 मार्च (भाषा) ओडिशा के सभी 30 जिलों में जनगणना के पहले चरण की शुरुआत 16 अप्रैल को गृह सूचीकरण अभियान (एचएलओ) के साथ होगी और यह प्रक्रिया 15 मई तक जारी रहेगी। शीर्ष अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी।
ओडिशा में जनगणना संचालन निदेशक निखिल पवन कल्याण ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि एक लाख से अधिक प्रशिक्षित गणनाकर्ता और 17,282 पर्यवेक्षक इस अवधि के दौरान घर-घर जाकर आंकड़े एकत्र करेंगे।
उन्होंने कहा कि गणनाकर्ता आवासीय, गैर-आवासीय, जेल, मॉल आदि जाकर गृह मंत्रालय द्वारा तैयार किए गए 33 प्रश्न परिवार के मुखिया से पूछेंगे।
कल्याण ने कहा, ‘‘ओडिशा में किसी भी स्थान पर रहने वाले व्यक्ति, चाहे वे राज्य के हों या अन्य राज्यों के, जनगणना में शामिल किए जाएंगे। जनगणना के दौरान एक भी परिवार नहीं छूटेगा।’’
उन्होंने कहा कि यह अभियान मोबाइल एप्लिकेशन का उपयोग करते हुए ‘फील्ड विजिट’ (मौके पर जाकर) के माध्यम से चलाया जाएगा।
कल्याण ने बताया कि एक अप्रैल से 15 अप्रैल की मध्यरात्रि तक ऑनलाइन स्व-गणना का प्रावधान उपलब्ध रहेगा, जिससे नागरिक स्वयं अपनी जानकारी जमा कर सकेंगे।
उन्होंने बताया कि प्रसिद्ध रेत कलाकार और पद्मश्री से सम्मानित सुदर्शन पटनायक ने इस जनगणना कार्यक्रम के प्रचार और प्रसार के लिए ब्रांड एंबेसडर बनने की सहमति दे दी है।
कल्याण ने बताया कि जिलाधिकारी और नगर आयुक्त प्रधान जनगणना अधिकारी के रूप में कार्य करेंगे, जबकि अतिरिक्त जिला मजिस्ट्रेट (एडीएम) जिला जनगणना अधिकारी होंगे।
जनगणना निदेशक ने बताया कि दूसरा चरण यानी प्राथमिक जनसंख्या गणना अभियान अगले साल नौ से 28 फरवरी के बीच संचालित किया जाएगा।
भाषा धीरज अविनाश
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