नयी दिल्ली, एक फरवरी (भाषा) वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को घोषणा की कि अगले पांच सालों में ऑप्टोमेट्री, रेडियोलॉजी, एनेस्थीसिया और एप्लाइड साइकोलॉजी समेत अलग-अलग क्षेत्रों में करीब एक लाख सहायक स्वास्थ्य पेशेवरों (एएचपी) को जोड़ा जाएगा।
सीतारमण ने लोकसभा में केंद्रीय बजट पेश करते हुए कहा कि एएचपी के लिए मौजूदा संस्थानों को उन्नत किया जाएगा और निजी तथा सरकारी क्षेत्र में नए एएचपी संस्थान बनाए जाएंगे।
उन्होंने कहा कि इससे स्वास्थ्य क्षेत्र में भारत के युवाओं के लिए कौशल वाले रोजगारों के नए रास्ते बनेंगे।
उन्होंने कहा, ‘‘इसमें ऑप्टोमेट्री, रेडियोलॉजी, एनेस्थीसिया, ओटी टेक्नोलॉजी, एप्लाइड साइकोलॉजी और व्यवहार संबंधी सेहत समेत 10 चुने हुए क्षेत्र शामिल होंगे और अगले पांच साल में एक लाख एएचपी जुड़ेंगे।’’
वित्त मंत्री ने कहा, ‘‘बुजुर्गों और सहायक देखभाल सेवाओं के लिए एक मजबूत देखभाल प्रणाली बनाई जाएगी।’’
भाषा वैभव माधव
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