रायपुर: सांसद खेल महोत्सव– ‘फिट युवा, विकसित भारत’ का समापन समारोह गुरुवार को पं. दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम, रायपुर में उत्साहपूर्ण और गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ. कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए. इस अवसर पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी, केंद्रीय खेल एवं युवा कार्य मंत्री मनसुख मांडविया तथा देशभर के सांसद वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े और समापन समारोह को संबोधित किया.
मुख्यमंत्री साय ने सुशासन दिवस की शुभकामनाओं के साथ अपने संबोधन की शुरुआत की और भारत रत्न पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को नमन किया. उन्होंने कहा कि सांसद खेल महोत्सव जैसे आयोजन युवाओं में खेल संस्कृति को मजबूत करते हैं और प्रतिभाशाली खिलाड़ियों को आगे बढ़ने का सशक्त मंच देते हैं.
मुख्यमंत्री ने बताया कि यह महोत्सव लगभग चार महीनों तक रायपुर संसदीय क्षेत्र के 36 स्थानों पर आयोजित किया गया, जिसमें स्कूल-कॉलेज के छात्र-छात्राओं के साथ ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के नागरिकों ने भी बड़ी संख्या में भाग लिया. उन्होंने इस व्यापक आयोजन के लिए सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल को बधाई दी.
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि खेलों में केवल जीत-हार ही नहीं, बल्कि अनुशासन, टीम भावना, समर्पण और निरंतर अभ्यास ही एक खिलाड़ी को महान बनाते हैं. उन्होंने भरोसा जताया कि इस महोत्सव से निकले खिलाड़ी भविष्य में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर छत्तीसगढ़ और देश का नाम रोशन करेंगे. उन्होंने दोहराया कि खिलाड़ियों के सपनों को पंख देने के लिए सरकार पूरी तरह प्रतिबद्ध है.
मुख्यमंत्री ने राज्य सरकार की खेल प्रोत्साहन योजनाओं की जानकारी देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में खेल अलंकरण समारोह पुनः शुरू किया गया है. ओलंपिक में चयनित खिलाड़ियों को 21 लाख रुपये और पदक विजेताओं को स्वर्ण, रजत व कांस्य के लिए क्रमशः 3 करोड़, 2 करोड़ और 1 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी. उन्होंने बताया कि वर्ष 2026 में छत्तीसगढ़ को ‘खेलो इंडिया ट्राइबल गेम्स’ की मेजबानी का अवसर मिला है. रायपुर का अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट स्टेडियम देश का तीसरा सबसे बड़ा स्टेडियम है, जहां जनवरी में बड़े मैच आयोजित होंगे.
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सांसद श्री बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि सांसद खेल महोत्सव की शुरुआत 29 अगस्त को हुई थी और यह रायपुर लोकसभा क्षेत्र के 36 स्थानों पर सफलतापूर्वक आयोजित किया गया. उन्होंने बताया कि इस महोत्सव में 542 गांवों के 85 हजार से अधिक खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया, जो अपने आप में एक रिकॉर्ड है.
