नयी दिल्ली, आठ अक्टूबर (भाषा) भारती एंटरप्राइजेज के चेयरमैन सुनील भारती मित्तल ने बुधवार को कहा कि यूटेलसैट वनवेब सरकार से हरी झंडी मिलते ही अपनी सेवाएं शुरू करने को उत्सुक है।
भारत में उपग्रह संचार पेशकश को लेकर बढ़ती सार्वजनिक प्रत्याशा के बीच मित्तल ने यह बात कही है।
इंडिया मोबाइल कांग्रेस (आईएमसी) 2025 से इतर यहां मित्तल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने भारत के लिए विनिर्माण से आगे बढ़कर संप्रभु डेटा क्षेत्र, कृत्रिम मेधा (एआई) और डेटा केंद्रों में आत्मनिर्भरता का मार्ग प्रशस्त किया है।
इससे पहले दिन में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने कहा कि विश्व द्वारा सृजित डेटा का लाभ उठाकर भारत एक वैश्विक डेटा केंद्र बन सकता है।
मोदी ने कहा, ‘‘ दुनिया पहले से कहीं अधिक डेटा उत्पन्न कर रही है। इसलिए भंडारण, सुरक्षा और संप्रभुता जैसे मुद्दे और भी महत्वपूर्ण हो जाएंगे। डेटा केंद्रों और ‘क्लाउड इन्फ्रास्ट्रक्चर’ पर काम करके, भारत एक वैश्विक डेटा केंद्र बन सकता है।’’
उपग्रह संचार योजनाओं और ‘वनवेब’ की शुरुआत को लेकर किए सवाल पर मित्तल ने कहा, ‘‘ हां, हम उसे पेश करने को उत्सुक हैं… जैसे ही हमें हरी झंडी मिलेगी।’’
आईएमसी के उद्घाटन समारोह में संचार मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा कि उपग्रह संचार का दायरा बढ़ रहा है, जिससे जमीन से लेकर समुद्र और अंतरिक्ष तक संपर्क बढ़ रहा है।
दूरसंचार विभाग की सर्वोच्च निर्णय लेने वाली संस्था ने पिछले महीने सैटेलाइट स्पेक्ट्रम सिफारिशों के कुछ पहलुओं पर भारतीय दूरसंचार नियामक प्राधिकरण (ट्राई) से स्पष्टीकरण मांगा था।
सूत्रों ने संकेत दिया था कि शहरी ग्राहकों के लिए प्रस्तावित शुल्क और नियामक द्वारा सुझाए गए वार्षिक न्यूनतम स्पेक्ट्रम शुल्क चर्चा के मुख्य विषय थे।
अमेरिकी उद्योगपति एलन मस्क के स्वामित्व वाली स्टारलिंक, भारती समर्थित यूटेलसैट वनवेब और रिलायंस जियो-एसईएस जैसी प्रमुख कंपनियां ब्रॉडबैंड इंटरनेट क्षेत्र में काफी रुचि दिखा रही हैं।
भाषा निहारिका अजय
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