scorecardresearch
Saturday, 25 April, 2026
होमविदेशपाकिस्तान के रक्षा और विदेश नीति अधिकारियों ने नौसेना की क्षमताओं को मजबूत करने का आह्वान किया

पाकिस्तान के रक्षा और विदेश नीति अधिकारियों ने नौसेना की क्षमताओं को मजबूत करने का आह्वान किया

Text Size:

(एम जुल्करनैन)

लाहौर, 30 जुलाई (भाषा) पाकिस्तान के वरिष्ठ रक्षा और विदेश नीति अधिकारियों ने बुधवार को उभरती चुनौतियों का मुकाबला करने के लिए नौसेना की क्षमताओं को मजबूत करने का आह्वान किया।

पाकिस्तानी नौसेना के उप प्रमुख वाइस एडमिरल ओवैस अहमद बिलग्रामी ने लाहौर स्थित ‘पाकिस्तान नेवी वॉर कॉलेज में रणनीतिक मामलों पर आयोजित एक कार्यक्रम में कहा, ‘‘स्थिति एकीकृत, बहु-क्षेत्रीय सुरक्षा रणनीतियों की मांग करती है।’’

बिलग्रामी ने कहा कि पाकिस्तानी नौसेना शांति बनाए रखने और उभरती चुनौतियों का मुकाबला करने के लिए अपनी क्षमताओं को लगातार मजबूत कर रही है।

इस कार्यक्रम में रणनीतिक विशेषज्ञों, राजनयिकों और सैन्य अधिकारियों ने पाकिस्तान के उभरते सुरक्षा परिवेश पर चर्चा की, जिसमें परमाणु और समुद्री गतिशीलता पर विशेष ध्यान दिया गया।

सामरिक योजना प्रभाग में शस्त्र नियंत्रण और निरस्त्रीकरण मामलों के महानिदेशक मेजर जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद शहाब शाहिद ने कहा, ‘‘पाकिस्तान भविष्य की चुनौतियों का सामना करने और क्षेत्रीय स्थिरता की रक्षा के लिए तैयार है।’’

रियर एडमिरल जवाद अहमद ने आज के सुरक्षा परिदृश्य को आकार देने में रणनीतिक संचार, विघटनकारी तकनीकों और नए युद्ध क्षेत्रों के उद्भव के महत्व पर प्रकाश डाला।

अंतरराष्ट्रीय सामरिक अध्ययन केंद्र (सीआईएसएस) के कार्यकारी निदेशक अली सरवर नकवी ने परमाणु और समुद्री हितों के अंतर-संबंध पर जोर दिया और कहा कि एशिया-प्रशांत की चुनौतियों से निपटने के लिए समन्वित, बहु-संस्थागत दृष्टिकोण की आवश्यकता है।

भाषा सुरभि अविनाश

अविनाश

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

share & View comments