प्रोविडेंस (गुयाना), सात अगस्त (भाषा) भारत के खिलाफ दूसरे टी20 अंतरराष्ट्रीय में वेस्टइंडीज की जीत के हीरो विकेटकीपर बल्लेबाज निकोलस पूरन पर सोमवार को यहां मैच के दौरान अंपायरों की सार्वजनिक आलोचना करने के लिए मैच फीस का 15 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया।
पूरन का अपराध लेवल एक का था। उन्हें खिलाड़ियों और खिलाड़ियों के सहयोगी स्टाफ की आईसीसी आचार संहिता के नियम 2.7 का दोषी पाया गया जो ‘अंतरराष्ट्रीय मैच के दौरान किसी घटना की सार्वजनिक आलोचना से जुड़ा है।’
पूरन ने अपराध स्वीकार कर लिया है और मैच रैफरी रिची रिचर्डसन की फटकार की प्रस्तावित सजा को भी स्वीकार कर लिया जिसके कारण औपचारिक सुनवाई की जरूरत नहीं पड़ी।
इसके अलावा पूरन के अनुशासन रिकॉर्ड में एक डिमेरिट अंक भी जोड़ा गया जिनका पिछले 24 महीने के समय में यह पहला अपराध है।
पारी के चौथे ओवर में पगबाधा के फैसले के रिव्यू के बाद यह घटना हुई। पूरन ने अंपायरों की आलोचना की क्योंकि उन्होंने फैसले के लिए खिलाड़ियों के रिव्यू का इस्तेमाल किया जबकि उन्हें लगता था कि बल्लेबाज साफ नॉट आउट है।
मैदानी अंपायरों लेस्ली रीफर और नाइजेल डुगुइड, तीसरे अंपायर ग्रेगरी ब्रेथवेट और चौथे अंपायर पैट्रिक गस्टार्ड ने आरोप लगाए।
लेवल एक के अपराध की न्यूनतम सजा आधिकारिक फटकार और अधिकतम सजा खिलाड़ी की मैच फीस का 50 प्रतिशत जुर्माना तथा एक या दो डिमेरिट अंक है।
भारत के 153 रन के लक्ष्य का पीछा करते हुए वेस्टइंडीज ने पूरन की 40 गेंद में 67 रन की पारी की बदौलत सात गेंद शेष रहते जीत दर्ज की और पांच मैच की श्रृंखला में 2-0 की बढ़त बनाई।
भाषा सुधीर पंत
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