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Sunday, 26 April, 2026
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सिद्धरमैया को कोडागु यात्रा के दौरान भाजयुमो के विरोध का सामना करना पड़ा

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मेदिकेरी (कर्नाटक), 18 अगस्त (भाषा) कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री सिद्धरमैया को बृहस्पतिवार को अपने उस कथित बयान को लेकर यहां भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की युवा शाखा के कार्यकर्ताओं के विरोध का सामना करना पड़ा, जिसमें उन्होंने सवाल किया था कि शिवमोगा के एक मुस्लिम इलाके में हिंदुत्व विचारक वी. डी. सावरकर की तस्वीर क्यों लगाई गई।

विरोध के दौरान कांग्रेस और भाजपा कार्यकर्ताओं के बीच झड़प हो गई।

सिद्धरमैया हाल में हुई बारिश के कारण हुए नुकसान का जायजा लेने के लिए आज कोडागु के जिला मुख्यालय शहर मेदिकेरी गए थे। बारिश के कारण कई लोगों की मौत हुई है और मकानों, फसलों तथा बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है।

पूर्व मुख्यमंत्री का वाहन जैसे ही जनरल के. एस. थिमैया मार्ग से गुजरा, भाजपा कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस नेता के काफिले को रोकने की कोशिश की। उन्होंने उन्हें काले झंडे दिखाए और ‘सिद्धरमैया वापस जाओ’ के नारे लगाए। यह भी पता चला है कि किसी प्रदर्शनकारी ने पूर्व मुख्यमंत्री की कार पर अंडे फेंके।

उन्होंने सिद्धरमैया को सावरकर की तस्वीरें दिखाईं। प्रदर्शनकारियों को काबू में करने के लिए पुलिस को काफी मशक्कत करनी पड़ी।

भारतीय जनता युवा मोर्चा (भाजयुमो) की कोडागु इकाई ने सोशल मीडिया पर कुछ संदेश साझा किए, जिनमें पढ़ा जा सकता है, ‘‘सिद्धु खान ने कोडागु में प्रवेश किया है-कोडागु अपवित्र हो गया। कोडागु में नरसंहार करने वाले टीपू सुल्तान के अनुयायी सिद्धु खान वापस जाओ।’’

गौरतलब है कि 15 अगस्त को शिवमोगा में एक मस्जिद के निकट कुछ लोगों ने सावरकर की तस्वीर लगा दी थी, जिससे कस्बे में तनाव की स्थिति पैदा हो गई थी। राजस्थान के रहने वाले और शिवमोगा में एक दुकान में काम करने वाले प्रेम सिंह नामक व्यक्ति को चाकू मार दिया गया था।

घटना पर प्रतिक्रिया देते हुए सिद्धरमैया ने कहा कि यह विरोध उपद्रवियों का कृत्य है।

सिद्धरमैया ने आरोप लगाया, ‘‘बारिश से हुए नुकसान के मुआवजे का भुगतान ठीक से नहीं किया गया है। प्रदर्शनकारी नहीं चाहते थे कि मैं उपायुक्त कार्यालय की घटिया दीवार देखूं। सरकार खत्म हो चुकी है। इसलिए, उन्होंने लोगों को विरोध प्रदर्शन करने के लिए भुगतान किया है।’’

झड़प के बाद, जिला प्रशासन ने अगले तीन दिनों के लिए निषेधाज्ञा लागू कर दी थी और 16 अगस्त को एक दिन के लिए स्कूल बंद करने की घोषणा की थी।

सिंह को चाकू मारने के आरोप में पुलिस ने चार लोगों को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने एक आरोपी के पैर में गोली लगने के बाद उसे हिरासत में ले लिया क्योंकि उसने उसे गिरफ्तार करने गए पुलिसकर्मियों पर कथित तौर पर हमला करने की कोशिश की थी।

अगले दिन इस सिलसिले में भद्रावती कस्बे में बजरंग दल के एक कार्यकर्ता को चाकू मार दिया गया था और इस संबंध में एक युवक को गिरफ्तार किया गया था।

भाषा

देवेंद्र पवनेश

पवनेश

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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