कोलंबो, 26 अगस्त (भाषा) श्रीलंका के पूर्व राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे के खिलाफ भ्रष्टाचार के एक मामले की सुनवाई के मद्देनज़र मंगलवार को कोलंबो फोर्ट मजिस्ट्रेट अदालत के चारों ओर भारी सुरक्षा व्यवस्था की गई। पुलिस ने यह जानकारी दी।
पुलिस के अनुसार, अदालत की ओर जाने वाले तीन प्रमुख रास्तों पर लोगों की आवाजाही सीमित कर दी गई है ताकि इलाके में नियंत्रण बनाए रखा जा सके।
जेल अधिकारियों ने बताया कि 76 वर्षीय विक्रमसिंघे वर्तमान में कोलंबो राष्ट्रीय अस्पताल के गहन चिकित्सा कक्ष (आईसीयू) में भर्ती हैं और उन्हें अदालत में पेश नहीं किया जाएगा।
जेल प्रवक्ता जगत वीरसिंघे ने कहा, ‘‘उनकी वर्तमान स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए उन्हें अदालत नहीं ले जाया जाएगा। यदि अदालत निर्देश देती है, तो हम वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से उनकी उपस्थिति की व्यवस्था करेंगे।’’
विक्रमसिंघे को शुक्रवार देर रात कोलंबो फोर्ट मजिस्ट्रेट अदालत द्वारा 26 अगस्त तक न्यायिक हिरासत में भेजे जाने के बाद, राजधानी स्थित मैगजीन रिमांड जेल ले जाया गया था।
प्रारंभ में उन्हें जेल अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन बाद में शरीर में पानी की कमी (निर्जलीकरण) के कारण तबीयत बिगड़ने पर उन्हें राष्ट्रीय अस्पताल के आईसीयू में स्थानांतरित कर दिया गया।
पूर्व राष्ट्रपति पर वर्ष 2023 में ब्रिटेन की एक निजी यात्रा के लिए 1.66 करोड़ श्रीलंकाई रुपये (एलकेआर) के दुरुपयोग का आरोप है। इस यात्रा के दौरान उन्होंने अपनी पत्नी मैथ्री के विश्वविद्यालय दीक्षांत समारोह में भाग लिया था।
विक्रमसिंघे ने इन आरोपों से इनकार करते हुए दावा किया कि यह यात्रा एक आधिकारिक यात्रा थी, क्योंकि उन्हें निमंत्रण राष्ट्रपति के रूप में भेजा गया था।
पुलिस के आपराधिक जांच विभाग (सीआईडी) ने उन्हें शुक्रवार को लगभग पांच घंटे की पूछताछ के बाद गिरफ्तार किया था।
अधिकारियों के अनुसार, इस मामले में उनके कुछ सहयोगियों से भी पहले पूछताछ की गई थी।
विक्रमसिंघे ने जुलाई 2022 से सितंबर 2024 तक राष्ट्रपति पद संभाला था। वह श्रीलंका की स्वतंत्रता के बाद गिरफ्तार होने वाले पहले राष्ट्राध्यक्ष हैं।
भाषा मनीषा नरेश
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