scorecardresearch
Thursday, 26 February, 2026
होमविदेशचीन और भारत के बीच सहयोग से आसियान को लाभ: सिंगापुर के मंत्री

चीन और भारत के बीच सहयोग से आसियान को लाभ: सिंगापुर के मंत्री

Text Size:

(गुरदीप सिंह)

सिंगापुर, आठ सितंबर (भाषा) भारत और चीन को ‘‘एशिया की तरक्की के इंजन’’ बताते हुए सिंगापुर के एक वरिष्ठ मंत्री ने सोमवार को कहा कि जब नयी दिल्ली और बीजिंग आपसी संवाद और सहयोग को बढ़ाते हैं तो दक्षिण पूर्व एशियाई राष्ट्र संघ (आसियान) को लाभ होता है।

व्यापार एवं उद्योग राज्य मंत्री एल्विन टैन ने हाल ही में चीन और भारत के बीच फिर से बातचीत होने के संबंध में कहा, ‘‘आसियान एक ऐसा मंच है जहां दोनों दिग्गज देश (भारत और चीन) व्यापक क्षेत्र से जुड़ सकते हैं।’’

उन्होंने कहा, ‘‘आसियान के साथ-साथ वे एशिया की तरक्की के इंजन हैं।’’

आसियान एक क्षेत्रीय संगठन है, जिसे आर्थिक वृद्धि, सामाजिक प्रगति और क्षेत्र में शांति व स्थिरता को बढ़ावा देने के उद्देश्य से स्थापित किया गया। दस देशों का यह संगठन ब्रुनेई, कंबोडिया, इंडोनेशिया, लाओस, मलेशिया, म्यांमा, फिलीपिन, सिंगापुर, थाईलैंड और वियतनाम को मिलाकर बना है।

टैन ने कहा कि आसियान एक समृद्ध बाजार, स्थिरता और व्यापार एवं सहयोग के अवसर प्रदान करता है।

वह सिंगापुर की नेशनल यूनिवर्सिटी के ईस्ट एशियन इंस्टीट्यूट और साउथ एशियन स्टडीज़ संस्थान द्वारा आयोजित किए गए ‘चीन और भारत : वैश्विक अनिश्चितता के बीच वृद्धि, निवेश और व्यापार को बढ़ावा देना’ विषय पर आयोजित फोरम पर बोल रहे थे।

भाषा

प्रीति नरेश

नरेश

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

share & View comments