नयी दिल्ली, 11 अक्टूबर (भाषा) हांगझोउ एशियाई खेलों में हमवतन किशोर जेना के साथ रोमांचक प्रतिस्पर्धा के बाद ओलंपिक चैंपियन नीरज चोपड़ा का मानना है कि वह दिन दूर नहीं जब दो भारतीय भाला फेंक खिलाड़ी 90 मीटर के विशिष्ट क्लब में शामिल होंगे।
ठीक एक सप्ताह पहले चोपड़ा और जेना ने सत्र और व्यक्तिगत सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए क्रमश: 88.88 मीटर और 87.54 मीटर के प्रयास के साथ एशियाई खेलों में स्वर्ण और रजत पदक जीता था।
भारतीय एथलेटिक्स महासंघ (एएफआई) द्वारा एशियाई खेलों के एथलेटिक्स दल के सम्मान समारोह के मौके पर चोपड़ा ने कहा, ‘‘भविष्य में मैं दो भारतीय भाला फेंक खिलाड़ियों को 90 मीटर क्लब में शामिल होते देखता हूं।’’
चोपड़ा ने मई में दोहा डाइमंड लीग जीतकर अपने सत्र की शुरुआत की थी लेकिन ग्रोइन की समस्या के कारण उन्हें कुछ अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट से हटना पड़ा।
वह हालांकि इस परेशानी से उबर गए और हंगरी में आयोजित 2023 विश्व एथलेटिक्स चैंपियनशिप में वापसी करते हुए स्वर्ण पदक जीता और फिर एशियाई खेलों में अपने खिताब का सफलतापूर्वक बचाव किया।
चोपड़ा ने कहा कि हाल ही में समाप्त हुए एशियाई खेलों के दौरान जेना के प्रदर्शन ने उन्हें उत्साहित किया।
उन्होंने कहा, ‘‘हांगझोउ में पुरुषों की भाला फेंक में पदक दौर के दौरान मेरे और जेना के बीच स्वस्थ प्रतिद्वंद्विता थी।’’
हांगझोउ खेलो की भाला फेंक स्पर्धा में एक समय जेना 86.77 मीटर के थ्रो के साथ शीर्ष पर थे जबकि चोपड़ा 84.49 मीटर के थ्रो के साथ दूसरे स्थान पर थे।
यह बढ़त अस्थायी थी क्योंकि चोपड़ा ने 88.88 मीटर के प्रयास के साथ स्वर्ण पदक जीता। जेना के 87.54 मीटर के सर्वश्रेष्ठ थ्रो ने उन्हें रजत दिलाया।
भारत के एथलेटिक्स दल ने 19वें एशियाई खेलों में 29 पदक जीते जिसमें छह स्वर्ण, 14 रजत और नौ कांस्य शामिल रहे।
एएफआई के अध्यक्ष आदिले सुमारिवाला ने कहा कि भारतीय टीम हांगझोउ में स्वर्ण पदक की संख्या बढ़ा सकती थी लेकिन मौकों का फायदा नहीं उठा पाई।
उन्होंने कहा, ‘‘मैं कहूंगा कि एशियाई खेलों में मध्य दूरी की स्पर्धाओं और महिलाओं की चार गुणा 400 मीटर रिले में यह बुरी चूक थी।’’
विश्व एथलेटिक्स के उपाध्यक्षों में शामिल सुमारिवाला ने कहा कि भारतीय एथलीटों ने भी 19 से 27 अगस्त के बीच आयोजित विश्व एथलेटिक्स चैंपियनशिप में भी अपने प्रदर्शन का अच्छा नजारा पेश किया था।
उन्होंने कहा, ‘‘नीरज चोपड़ा विश्व चैंपियन बने जबकि जेना और मनु डीपी शीर्ष छह में थे जो वैश्विक स्तर पर भाला फेंक में भारत के बढ़ते कद का परिचायक है।’’
भाला फेंक के अलावा पुरुषों की चार गुणा 400 मीटर रिले टीम ने प्रभावशाली प्रदर्शन किया और विश्व एथलेटिक्स चैंपियनशिप में हीट के दौरान एशियाई रिकॉर्ड तोड़ दिया। राष्ट्रीय टीम अंततः फाइनल में पांचवें स्थान पर रही और 2:59.92 सेकंड का समय लिया।
भाषा
सुधीर
सुधीर
यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.
