नयी दिल्ली, 13 अप्रैल (भाषा) खेलमंत्री मनसुख मांडविया ने सोमवार को कहा कि भारत में 2030 में होने वाले राष्ट्रमंडल खेलों में हॉकी और क्रिकेट जरूर रहेंगे जबकि कबड्डी, योगासन, खोखो और मलखम्ब जैसे पारंपरिक भारतीय खेलों में से भी दो को जगह दी जायेगी ।
राष्ट्रमंडल खेल अध्यक्ष डोनाल्ड रूकारे की अध्यक्षता में इसके प्रतिनिधिमंडल ने पिछले सप्ताह मेजबान शहर अहमदाबाद में तैयारियों का जायजा लिया । उन्होंने शुक्रवार को मांडविया से भी मुलाकात की थी ।
खेलमंत्री ने यहां बातचीत के दौरान पत्रकारों को बताया ,‘‘ हमारे पारंपरिक खेलों में से कबड्डी, मलखम्ब , खोखो और योगासन में से दो को शामिल करने का प्रयास है ।’’
ग्लास्गो में इस साल होने वाले राष्ट्रमंडल खेलों में बजट में कटौती के लिये क्रिकेट और हॉकी को शामिल नहीं किया गया है लेकिन मांडविया ने कहा कि भारत में होने वाले खेलों में इनकी वापसी होगी । ग्लास्गो खेलों में सिर्फ दस खेल शामिल किये गए हैं जिनमें निशानेबाजी, कुश्ती और बैडमिंटन भी नहीं हैं ।
मांडविया ने कहा ,‘‘ क्रिकेट और हॉकी दोनों 2030 खेलों में होंगे ।’’
उन्होंने कहा ,‘‘ राष्ट्रमंडल खेल के अध्यक्ष यहां से काफी प्रभावित होकर गए हैं । खासकर खेलो इंडिया की विभिन्न श्रेणियों और अस्मिता खेलों से वह काफी प्रभावित हुए । भारत में अब खेलों को प्राथमिकता में रखा जा रहा है जिसका उन पर अच्छा प्रभाव पड़ा है ।’
भारत में 2010 के बाद पहली बार राष्ट्रमंडल खेलों का आयोजन हो रहा है ।
एथलेटिक्स, पैरा एथलेटिक्स, तैराकी और पैरा तैराकी, टेबल टेनिस और पैरा टेबल टेनिस, बॉल और पैरा बॉल, भारोत्तोलन और पैरा भारोत्तोलन, कलात्मक जिम्नास्टिक, नेटबॉल और मुक्केबाजी 2030 राष्ट्रमंडल खेलों का हिस्सा होंगे । टी20 क्रिकेट , रग्बी सेवंस और हॉकी में से दो खेल इनमें शामिल होंगे ।
भाषा मोना सुधीर
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