नयी दिल्ली, 31 मई (भाषा) पांच बार के विश्व चैम्पियन मैग्नस कार्लसन का मानना है कि भारत शतरंज का अग्रणी देश बनने की राह पर है और उन्होंने कहा कि इस खेल को बढ़ावा देने के लिए यहां काफी कुछ किया जा रहा है।
मौजूदा विश्व रैपिड शतरंज चैंपियन कार्लसन को वर्तमान पीढ़ी का सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी माना जाता है।
भारतीय शतरंज खिलाड़ियों ने हाल के वर्षों में वैश्विक स्तर पर शानदार प्रदर्शन किया। इसके अलावा देश ने पिछले साल शतरंज ओलंपियाड का भी सफल आयोजन किया था।
कार्लसन ने यहां जारी विज्ञप्ति में कहा,‘‘ मेरा मानना है कि भारत अभी तक काफी कुछ अच्छा कर रहा है और स्पष्ट रूप से दुनिया का अग्रणी शतरंज देश बनने की राह पर है।’’
नॉर्वे का यह ग्रैंड मास्टर शुरुआती ग्लोबल चेस लीग ( जीएसएल) के आइकन खिलाड़ियों में शामिल है। जीएसएल विश्व की पहली और सबसे बड़ी फ्रेंचाइजी आधारित लीग है जिसमें दुनिया भर के खिलाड़ी संयुक्त टीम प्रारूप में भाग लेंगे।
जीएसएल का आयोजन टेक महिंद्रा और अंतरराष्ट्रीय शतरंज महासंघ ( फिडे) के संयुक्त प्रयास से किया जा रहा है। इसमें छह टीम भाग लेंगी। इनमें से प्रत्येक टीम दुबई में 21 जून से दो जुलाई तक डबल राउंड रोबिन के आधार पर कम से कम 10 मैच खेलेगी। चोटी पर रहने वाली दो टीम दो जुलाई में होने वाले फाइनल के लिए क्वालीफाई करेंगी तथा विजेता टीम को विश्व चैंपियन करार दिया जाएगा।
कार्लसन ने कहा,‘‘ इस प्रतियोगिता का हिस्सा बनना मेरे लिए रोमांचक अनुभव होगा। यह कुछ नया होगा। ऐसा कुछ जैसा कि अभी तक शतरंज में नहीं देखा गया है। मैं इस प्रतियोगिता में भाग लेने को लेकर उत्सुक हूं।’’
उन्होंने कहा कि उन्हें टीम प्रतियोगिताओं में खेलना पसंद है और वह भारत के युवा खिलाड़ियों के साथ खेलने के लिए उत्साहित हैं।
कार्लसन ने कहा,‘‘ निजी तौर पर मैं टीम प्रतियोगिताओं में खेलने का पूरा लुत्फ उठाता हूं। मैं टीम के अन्य खिलाड़ियों से मिलने और भारतीय खिलाड़ियों की युवा पीढ़ी के साथ और उनके खिलाफ खेलने को लेकर उत्साहित हूं।’’
उन्होंने कहा,‘‘ इस टूर्नामेंट की सबसे अच्छी बात यह है कि पुरुष और महिला खिलाड़ी एक ही स्तर पर एक दूसरे का सामना करेंगे।’’
भाषा पंत सुधीर
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