नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश में पिछले नौ वर्षों में 9 लाख से अधिक युवाओं को सरकारी नौकरी दी गई है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने रविवार को लोक भवन में नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम में यह बात कही. उन्होंने खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग के 357 कनिष्ठ विश्लेषकों और चिकित्सा विभाग के 252 डेंटल हाइजीनिस्ट को नियुक्ति पत्र सौंपे.
मुख्यमंत्री ने कहा कि 2026-27 में डेढ़ लाख से अधिक सरकारी भर्तियां की जाएंगी. अधीनस्थ सेवा चयन आयोग 32 हजार से ज्यादा नियुक्तियां करेगा, जबकि लोक सेवा आयोग लगभग 15 हजार भर्तियां करेगा. उन्होंने दावा किया कि भर्ती प्रक्रिया को निष्पक्ष और पारदर्शी बनाने के लिए सख्त कानून लागू किया गया है, जिसमें गड़बड़ी करने वालों को आजीवन कारावास और संपत्ति जब्त करने का प्रावधान है.
योगी ने कहा कि 2017 से पहले भर्ती प्रक्रियाओं में भ्रष्टाचार और भेदभाव था, जिससे युवाओं के सपने टूटते थे. अब पुलिस विभाग सहित विभिन्न क्षेत्रों में बड़े पैमाने पर भर्तियां हुई हैं.
उन्होंने बताया कि राज्य में अब औषधि जांच के लिए 18 आधुनिक प्रयोगशालाएं हैं. सरकार का दावा है कि पारदर्शी व्यवस्था से युवाओं को समान अवसर मिल रहा है और प्रदेश में रोजगार के नए रास्ते खुल रहे हैं.