राजगढ़/भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मंगलवार को जल गंगा संवर्धन अभियान-2026 के समापन अवसर पर राजगढ़ पहुंचे. इस दौरान उन्होंने भैंसवामाता क्षेत्र स्थित पवित्र दूध तलैया में वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजा-अर्चना की और भैंसवामाता तथा माता बिजासन से प्रदेश की सुख-समृद्धि, खुशहाली और जनता के कल्याण की कामना की.
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर हरित भारत का संदेश देते हुए पौधरोपण भी किया. उन्होंने भैंसवामाता मंदिर के प्रस्तावित स्वरूप का अवलोकन किया और मंदिर क्षेत्र के विकास एवं सौंदर्यीकरण से जुड़े प्रस्तावित कार्यों की जानकारी ली.
राजगढ़ पहुंचने पर मुख्यमंत्री का पारंपरिक तरीके से स्वागत किया गया. मंदिर के प्रवेश द्वार पर आदिवासी नृत्य दल ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं, जबकि बच्चियों ने सिर पर कलश रखकर पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार उनका स्वागत किया.
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने दिव्यांगजनों को ट्राइसाइकिल वितरित कर उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए शुभकामनाएं दीं. उन्होंने ब्यावरा की पर्यावरण प्रेमी संरक्षण समिति द्वारा प्लास्टिक कचरे से तैयार किए जा रहे ईको ब्रिक्स की सराहना करते हुए इसे पर्यावरण संरक्षण का उत्कृष्ट उदाहरण बताया.
महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री ने लखपति दीदी समूहों को 11 इलेक्ट्रिक वाहन भी वितरित किए. इस अवसर पर उन्होंने कहा कि जल संरक्षण, वृक्षारोपण, स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण जैसे अभियान तभी सफल हो सकते हैं, जब उनमें जनभागीदारी सुनिश्चित हो.
मुख्यमंत्री ने कहा कि जल गंगा संवर्धन अभियान की सफलता का सबसे बड़ा आधार जनता की सहभागिता है. उन्होंने लोगों से पर्यावरण संरक्षण और जल बचाने के प्रयासों को जन आंदोलन बनाने की अपील की.