नई दिल्ली: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने रविवार को देहरादून के आईआरटीडी प्रेक्षागार में अंतरराष्ट्रीय बालिका दिवस पर आयोजित बालिका शिक्षा प्रोत्साहन कार्यक्रम में उत्तराखंड बोर्ड की हाईस्कूल और इंटरमीडिएट परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाली 149 मेधावी छात्राओं को स्मार्टफोन देकर सम्मानित किया.
मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटियों को सम्मान, सुरक्षा, शिक्षा और आगे बढ़ने के समान अवसर देना समाज की जिम्मेदारी है. सरकार का प्रयास है कि कोई भी बेटी आर्थिक अभाव के कारण शिक्षा से वंचित न रहे. उन्होंने डिजिटल शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा कि स्मार्टफोन छात्राओं को ज्ञान और कौशल विकास के नए अवसर प्रदान करेंगे.
धामी ने बताया कि राज्य में सरकारी नौकरियों में महिलाओं को 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण दिया जा रहा है. नंदा गौरा योजना के तहत बेटी के जन्म पर 11 हजार रुपये और 12वीं उत्तीर्ण करने पर 51 हजार रुपये की सहायता दी जाती है. इस योजना से चार लाख से अधिक बेटियां लाभान्वित हुई हैं.
महिला सशक्तीकरण एवं बाल विकास मंत्री रेखा आर्य ने कहा कि सरकार बेटियों की शिक्षा, सुरक्षा और आत्मनिर्भरता के लिए लगातार काम कर रही है. मुख्यमंत्री ने छात्राओं से बड़े सपने देखने और आत्मविश्वास के साथ अपने लक्ष्य हासिल करने का आह्वान किया.