नयी दिल्ली, 15 मार्च (भाषा) ईरान और अमेरिका-इजराइल के बीच बढ़ते तनाव के मद्देनजर, विदेश मंत्री एस जयशंकर ने सऊदी अरब और संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) के विदेश मंत्रियों से पश्चिम एशिया में उभरती स्थिति के विभिन्न पहलुओं पर चर्चा की।
जयशंकर ने शनिवार रात यूएई के विदेश मंत्री शेख अब्दुल्ला बिन जायद अल नाहयान और सऊदी अरब के विदेश मंत्री फैसल बिन फरहान से फोन पर बातचीत की।
जयशंकर ने रविवार को सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में बताया कि उन्होंने पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष से संबंधित घटनाक्रम पर सऊदी अरब के विदेश मंत्री के साथ चर्चा की।
जायद अल नाहयान के साथ हुई बातचीत के बारे में जयशंकर ने कहा, ‘‘क्षेत्रीय स्थिति के विभिन्न पहलुओं पर विचारों का आदान-प्रदान किया।’’
माना जाता है कि जयशंकर की दोनों विदेश मंत्रियों के साथ हुई बातचीत में भारत की ऊर्जा सुरक्षा का मुद्दा भी शामिल था।
ईरान द्वारा फारस की खाड़ी और ओमान की खाड़ी के बीच स्थित एक संकरे समुद्री परिवहन मार्ग, होर्मुज जलडमरूमध्य को लगभग अवरुद्ध कर दिए जाने के बाद वैश्विक तेल और गैस की कीमतों में उछाल आया है। वैश्विक तेल और एलएनजी (द्रवीकृत प्राकृतिक गैस) का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा इस मार्ग से होकर गुजरता है।
भाषा शफीक दिलीप
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