scorecardresearch
Thursday, 30 April, 2026
होमदेशयूडीएफ को केरल विधानसभा चुनाव में मिलेगा दो-तिहाई बहुमत: कांग्रेस नेता शिवकुमार

यूडीएफ को केरल विधानसभा चुनाव में मिलेगा दो-तिहाई बहुमत: कांग्रेस नेता शिवकुमार

Text Size:

(फाइल फोटो के साथ)

बेंगलुरु, सात अप्रैल (भाषा) कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री एवं प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष डी के शिवकुमार ने मंगलवार को केरल के सत्तारूढ़ वाम लोकतांत्रिक मोर्चा (एलडीएफ) पर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के साथ ‘अंदरूनी साठगांठ’ करने का आरोप लगाते हुए विधानसभा चुनाव में कांग्रेस नीत संयुक्त लोकतांत्रिक मोर्चा (यूडीएफ) को दो-तिहाई बहुमत मिलने का अनुमान व्यक्त किया।

शिवकुमार ने कहा,‘‘हमारे कुछ मंत्रियों, विधायकों और मैंने केरल में चुनाव प्रचार किया है। हमें पूरा भरोसा है कि हम (यूडीएफ) वहां दो-तिहाई बहुमत हासिल कर लेंगे। लोग एलडीएफ के 10 साल के शासन से तंग आ चुके हैं क्योंकि कोई प्रगति नहीं हुई है और राज्य को आर्थिक रूप से भी काफी नुकसान हुआ है।’’

केरल से लौटने पर उन्होंने यहां पत्रकारों से बातचीत में दावा किया कि एलडीएफ की भाजपा के साथ ‘अंदरूनी साठगांठ’ है।

उन्होंने कहा कि अंतरराष्ट्रीय यात्रा बंदिशों के कारण विदेश में रहने वाले मतदाता मतदान करने नहीं आ पा रहे हैं।

शिवकुमार ने कहा, ‘‘सर्वेक्षणों से पता चला है कि वे (विदेश में रहने वाले केरलवासी) यूडीएफ को वोट देंगे, इसलिए उनके मतदान में भाग लेने के लिए कोई विशेष उड़ान की व्यवस्था नहीं की गई है।’’

उन्होंने कहा कि इन चुनौतियों के बावजूद कांग्रेस और यूडीएफ मिलकर काम कर रहे हैं एवं जीत हासिल करेंगे।

शिवकुमार ने यह भी बताया कि उन्होंने केरल में 14 चुनावी कार्यक्रमों में भाग लिया।

केरल की 140 सदस्यीय विधानसभा के लिए नौ अप्रैल को एक ही चरण में चुनाव होंगे।

कर्नाटक की दो विधानसभा सीट के उपचुनाव में कांग्रेस की जीत को लेकर विश्वास जताते हुए उपमुख्यमंत्री ने कहा कि उन्होंने बागलकोट और दावनगेरे दक्षिण दोनों जगहों पर प्रचार किया है और लोग सरकार के कार्यक्रमों से खुश हैं।

बागलकोट और दावणगेरे दक्षिण विधानसभा क्षेत्रों में नौ अप्रैल को उपचुनाव होंगे। ये उपचुनाव क्रमशः वरिष्ठ कांग्रेस विधायक एच वाई मेती और शमनूर शिवशंकरप्पा के निधन के कारण कराये जा रहे हैं।

ऑटो और वाणिज्यिक एलपीजी की कमी के मुद्दे पर पूछे गए एक सवाल के जवाब में, शिवकुमार ने कर्नाटक से ताल्लुक रखने वाले केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी से राज्य की मदद करने की अपील की।

उन्होंने आरोप लगाया, “पश्चिम एशिया से गैस से भरे दो जहाज भारत आए; वे सीधे गुजरात क्यों गए? दक्षिण भारत के लिए वे हमारे मंगलुरु, केरल या चेन्नई बंदरगाह क्यों नहीं गए? वह (भाजपा के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार) केवल उत्तर भारत पर ध्यान दे रही है, दक्षिण को भूल गई है। चूंकि दक्षिण भारत में उसका (भाजपा का) कोई आधार नहीं है, इसलिए वह राजनीति कर रही है।”

भाषा

राजकुमार पवनेश

पवनेश

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

share & View comments