हजारीबाग (झारखंड), 10 जनवरी (भाषा) हजारीबाग में बलात्कार का विरोध करने पर एक महिला को आग के हवाले करने के मामले की जांच के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है। पुलिस ने मंगलवार को यह जानकारी दी।
हजारीबाग में शनिवार की रात 23 वर्षीय महिला को कथित तौर पर उस समय आग के हवाले कर दिया गया था जब उसने बलात्कार का विरोध किया था। इस मामले के चार आरोपियों में तीन उसके रिश्तेदार हैं।
महिला करीब 70 प्रतिशत जल गई है और उसे रविवार को हजारीबाग से रांची के एक अस्पताल रेफर कर दिया गया था। पीड़ित महिला को मंगलवार सुबह गोपनीय तरीके से उसके एक रिश्तेदार के घर रामगढ़ ले जाया गया।
चरही थाना प्रभारी देवेंद्र सिंह ने बताया कि इसकी सूचना मिलने के बाद महिला को पुन: रांची के रिम्स अस्पताल लाया गया।
हजारीबाग के पुलिस अधीक्षक (एसपी) मनोज रतन चोथे ने मंगलवार को मीडियाकर्मियों से कहा कि मामले की गहन जांच के लिए एक एसआईटी का गठन किया गया है। उन्होंने कहा, ‘यह भी जांच की जाएगी कि किन परिस्थितियों में महिला को रांची के अस्पताल से छुट्टी दी गई।’’
उन्होंने बताया कि फरार आरोपियों की तलाश में पुलिस छापेमारी कर रही है। उन्होंने कहा कि मामले में विस्तृत जांच की आवश्यकता है, क्योंकि चार आरोपियों में से एक महिला है और वह पीड़िता की रिश्तेदार है।
भाषा अविनाश माधव
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