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Sunday, 29 March, 2026
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शिवसेना सांसद ने शिंदे गुट पर निशाना साधा, कहा- लालच की सीमा होनी चाहिए

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औरंगाबाद, 19 जुलाई (भाषा) शिवसेना के सांसद संजय जाधव ने विश्वास जताया कि पार्टी मौजूदा संकट से निकल जाएगी और महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे की अगुवाई वाले बागी गुट पर निशाना साधते हुये कहा कि किसी के लालच की सीमा होनी चाहिए।

परभणी के सांसद ने कहा कि यह शिवसेना ही थी, जिसने कई नेताओं के राजनीतिक करियर को संवारा है और उन्हें इसे कभी नहीं भूलना चाहिए।

एक वीडियो में जाधव ने कहा कि वह पार्टी अध्यक्ष उद्धव ठाकरे के साथ मजबूती से खड़े हैं और ”कल्पना से परे” उनकी उम्मीदों को पूरा करने के लिए पार्टी के प्रति ऋणी हैं।

जाधव ने कहा, ”शिवसेना ने मुझे अब तक जो कुछ भी दिया है वह मेरी उम्मीदों से परे है। मैं उद्धव ठाकरे के साथ मजबूती से खड़ा हूं। किसी को यह कभी नहीं सोचना चाहिए कि शिवसेना इतनी आसानी से खत्म हो जाएगी।”

शिंदे और 40 विधायकों की बगावत के बीच शिवसेना को एक नये संकट का सामना करना पड़ रहा है। मंगलवार को पार्टी के 12 सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला से मुलाकात की और उनसे संसद के निचले सदन में पार्टी के नेता को बदलने का अनुरोध किया।

बता दें कि लोकसभा में शिवसेना के 19 सांसद हैं, जिनमें 18 महाराष्ट्र से हैं।

जाधव ने कहा, ”शिवसेना संकट से गुजर रही है, लेकिन यह समय बीत जाएगा। 1984 में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के सिर्फ दो सांसद थे, लेकिन वह आज शासन कर रहे हैं। इसलिए किसी को यह नहीं सोचना चाहिए कि बाल ठाकरे की शिवसेना इतनी आसानी से बिखर जाएगी।”

शिंदे खेमे पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि लालच की भी एक सीमा होनी चाहिए।

उन्होंने कहा, ‘शिवसेना ने ही हमें बड़ा राजनेता बनाया और हमें बहुत कुछ सिखाया। ऐसा लगता है कि पार्टी कल तक कुछ लोगों के लिए अच्छी थी और अब खराब हो गई है। मुझे लगता है कि अगर एकनाथ शिंदे का उद्देश्य पूरा हो गया है तो यह मुद्दा अब खत्म हो जाना चाहिए।”

जाधव ने कहा कि कुछ ”अवसरवादी” लोग शिंदे का साथ दे रहे हैं, जिसका एकमात्र उद्देश्य शिवसेना पर हमला करना है, लेकिन एक दिन आएगा जब वह शिंदे के खिलाफ किसी का इस्तेमाल करेंगे।”

सांसद ने दावा किया कि भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने इस फॉर्मूले पर अपनी बात नहीं रखी कि प्रधानमंत्री का पद भाजपा के पास और मुख्यमंत्री का पद शिवसेना के पास होना चाहिए।

भाषा

फाल्गुनी रंजन

रंजन

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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