शिमला, 12 अप्रैल (भाषा) हिमाचल प्रदेश उच्च न्यायालय ने छह मुख्य संसदीय सचिवों (सीपीएस) की नियुक्ति को चुनौती देने वाली याचिका पर बुधवार को राज्य सरकार को नोटिस जारी किया।
कार्यवाहक मुख्य न्यायाधीश सबीना और न्यायमूर्ति सत्येन वैद्य की पीठ ने कल्पना देवी द्वारा दायर एक जनहित याचिका (पीआईएल) पर यह नोटिस जारी किया और सरकार तथा सभी पक्षों से 21 अप्रैल को अगली सुनवाई से पहले अपना जवाब दाखिल करने को कहा।
मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने आठ जनवरी, 2023 को मंत्रिमंडल विस्तार से पहले छह मुख्य संसदीय सचिवों की नियुक्ति की थी।
याचिकाकर्ता के वकील संजय कुमार ने हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा की गई नियुक्ति को संविधान के विपरीत बताते हुए इस पर रोक लगाने की मांग की।
याचिका में कहा गया है कि राज्य सरकार ने 17 जनवरी को आदेश जारी किया था कि सीपीएस को मंत्रियों के साथ संबद्ध किया जाएगा और यह संविधान के अनुच्छेद 164 (1ए) के विपरीत है।
भाषा देवेंद्र अविनाश
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