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Monday, 23 February, 2026
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पंजाब का बजट सत्र छह से 16 मार्च तक, महिलाओं के लिए प्रतिमाह 1,000 रुपये की घोषणा संभव

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चंडीगढ़, 23 फरवरी (भाषा) पंजाब मंत्रिमंडल ने सोमवार को राज्य विधानसभा के बजट सत्र को छह से 16 मार्च तक आयोजित करने की मंजूरी दे दी।

बजट आठ मार्च को पेश किया जाएगा।

भगवंत मान सरकार बजट में प्रत्येक महिला को 1,000 रुपये प्रतिमाह देने की घोषणा कर सकती है, जो उसके चुनावी वादों में से एक है।

वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने यहां मीडिया को संबोधित करते हुए कहा कि बजट सत्र छह मार्च से शुरू होकर 16 मार्च तक चलेगा।

उन्होंने बताया कि सत्र की शुरुआत राज्यपाल के अभिभाषण से होगी और उसके बाद दिवंगत सदस्यों को श्रद्धांजलि दी जाएगी।

चीमा ने बताया कि बजट आठ मार्च, रविवार को पेश किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा नौ मार्च को होगी और बजट पर चर्चा 10-11 मार्च को होगी।

चीमा ने बताया कि मंत्रिमंडल ने 2025 में आई बाढ़ से फसलों को हुए नुकसान के लिए सरकारी जमीनों पर खेती करने वाले किसानों को मुआवजा देने की भी मंजूरी दे दी है।

निर्णय के अनुसार, जिन किसानों की फसलों को हुए नुकसान का आकलन 2025 की विशेष ‘गिरदावरी’ के दौरान किया गया था, लेकिन उन्हें मुआवजा नहीं मिला था, उन्हें अब राहत राशि दी जाएगी।

उन्होंने कहा कि यह मानवीय आधार पर एक बार का उपाय होगा और इससे किसी भी तरह का मालिकाना हक नहीं मिलेगा।

मंत्री ने कहा कि जहां कहीं भी 25 सितंबर, 2015 से पहले ‘खसरा गिरदावरी’ (राजस्व अभिलेख) में दर्ज व्यक्ति अब भी भूमि पर खेती कर रहा है, या उसके कानूनी वारिस खेती कर रहे हैं, तो उस व्यक्ति या उसके कानूनी वारिसों को मुआवजा दिया जाएगा।

जो मामले वर्ष 2015 के राजस्व अभिलेखों के अनुरूप नहीं है, वहां कोई मुआवजा नहीं दिया जाएगा।

पंचायत प्रमुख, ‘नंबरदार’ और ‘पटवारी’ की एक समिति स्थिति का सत्यापन करेगी तथा पात्र किसानों को मुआवजे के वितरण के लिए एक रिपोर्ट प्रस्तुत करेगी।

मंत्रिमंडल ने 13 मार्च, 2025 को अधिसूचित एकमुश्त निपटान (ओटीएस) योजना की वैधता को 31 दिसंबर, 2025 से बढ़ाकर 30 जून, 2026 तक करने को भी मंजूरी दी।

मंत्रिमंडल ने वांछित अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए इनाम नीति को भी मंजूरी दी।

इस कदम का उद्देश्य इनाम देने के लिए एक पारदर्शी और व्यवस्थित तंत्र को संस्थागत रूप देना है, जिससे मुखबिरों को प्रोत्साहन मिले एवं वांछित अपराधियों को पकड़ने में कानून प्रवर्तन कर्मियों के प्रयासों को मान्यता मिले।

भाषा जितेंद्र सुरेश

सुरेश

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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