जयपुर, 27 फरवरी (भाषा) राजस्थान विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष और भाजपा के 89 वर्षीय विधायक कैलाश मेघवाल ने राजनीतिक दलों पर निशाना साधते हुए कहा कि वे अनुसूचित जाति के लोगों को गुलामों की तरह रखते हैं और उन्हें स्वतंत्र रूप से बोलने की आजादी नहीं देते।
भीलवाड़ा के शाहपुरा में एक कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मेघवाल ने कहा, ‘‘यह कहने में मुझे कभी ऐतराज नहीं है आज की इस राजनीति में अनुसूचित जाति के लोगों को राजनीतिक दल गुलाम की तरह रखते हैं। उनको स्वतंत्र रूप बोलने की आजादी नहीं होती।’’
उन्होंने कहा कि यदि कोई स्वतंत्र होकर बोल दे तो टिकट कट जाएगा, इसलिये ध्यान रखना पड़ता है।
शाहपुरा निर्वाचन क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले छह बार के विधायक मेघवाल भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की राजस्थान इकाई में अनुसूचित जाति के बड़े चेहरों में से एक हैं।
उनके बयान के बारे में संपर्क करने पर मेघवाल ने कहा कि उन्हें जो कहना था कह दिया।
मेघवाल ने पीटीआई भाषा को कहा, ‘मैं इस पर अधिक टिप्पणी नहीं करूंगा।’’
वह पिछली भाजपा सरकार के दौरान विधानसभा अध्यक्ष थे।
भाषा कुंज नेत्रपाल
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