नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लगातार 4,399 दिन प्रधानमंत्री पद पर पूरे करने और भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने पर केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को अभिनंदन प्रस्ताव पारित किया. इस अवसर पर मंत्रिमंडल के सदस्यों ने प्रधानमंत्री को खड़े होकर सम्मान भी दिया.
प्रधानमंत्री मोदी ने आज भारत के पहले प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरू के लगातार 4,398 दिनों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया.
इस मौके पर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि जनसेवा ही सुशासन की सबसे बड़ी कसौटी है. उन्होंने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक संस्कृत श्लोक साझा करते हुए विनम्रता, समर्पण और कर्तव्यनिष्ठा को जनविश्वास अर्जित करने का आधार बताया.
उन्होंने लिखा, “जनसेवा सुशासन की सबसे बड़ी परीक्षा है. जो व्यक्ति विनम्रता, समर्पण और कर्तव्यभाव से निरंतर कार्य करता है, वही जनता का विश्वास प्राप्त करता है.”
प्रधानमंत्री ने श्लोक साझा करते हुए लिखा, “जो सदैव प्रजा के पालन में तत्पर रहता है और विनम्र होता है, वही शासक अधिक समृद्धि प्राप्त करता है.”
प्रधानमंत्री मोदी को इस उपलब्धि पर एनडीए नेताओं, विभिन्न देशों के नेताओं और कई प्रमुख हस्तियों ने बधाई दी है.
पूर्व राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने प्रधानमंत्री मोदी के 12 वर्षों के कार्यकाल को स्वतंत्रता के बाद भारत के लिए एक महत्वपूर्ण दौर बताते हुए कहा कि उनकी सरकार ने औपनिवेशिक शासन से पैदा हुई हीन भावना को दूर करने का काम किया है.
केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, मनसुख मांडविया और दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने भी प्रधानमंत्री मोदी के लिए प्रार्थना की.
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले निर्वाचित प्रधानमंत्री बनने की उपलब्धि करोड़ों भारतीयों के प्रेम, विश्वास और व्यापक जनसमर्थन का परिणाम है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के 4,399 दिनों का सफर सशक्त, समृद्ध, विकसित और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण का स्वर्णिम अध्याय है.
अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी प्रधानमंत्री मोदी को बधाइयां मिली हैं. अनवर इब्राहिम ने भारत की वैश्विक प्रगति में प्रधानमंत्री मोदी के योगदान की सराहना की.