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Monday, 23 February, 2026
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उच्च न्यायालय का फैसला ममता बनर्जी के लिए ‘भारी शर्मिंदगी’ : भाजपा का दावा

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नयी दिल्ली, 14 जनवरी (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने बुधवार को पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के लिए कलकत्ता उच्च न्यायालय के उस फैसले को ‘भारी शर्मिंदगी’ वाला बताया जिसके तहत सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) की याचिका को खारिज कर दिया गया है। इस याचिका में अनुरोध किया गया है कि टीएमसी के उस डेटा की सुरक्षा की जाए जिसे हो सकता है कि ईडी ने प्रतीक जैन के कार्यालय और घर पर छापेमारी के दौरान जब्त कर लिया हो।

पिछले सप्ताह आई-पैक निदेशक प्रतीक जैन के कार्यालय और घर पर ईडी ने छापेमारी की थी।

भाजपा ने कहा कि तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) का ‘भ्रष्टाचार’ और निजी कंपनी के साथ उसका ‘भ्रष्ट संबंध’ जल्द ही उजागर होगा।

भाजपा ने जोर देकर कहा कि संवैधानिक अधिकारियों को राजनीतिक हथकंडों से डराया नहीं जा सकता और उच्च न्यायालय ने इसे स्पष्ट कर दिया है।

कलकत्ता उच्च न्यायालय ने बुधवार को डेटा की सुरक्षा के अनुरोध से जुड़ी टीएमसी की याचिका को खारिज करते हुए कहा कि ईडी ने सूचित किया है कि उसने पिछले सप्ताह की छापेमारी के दौरान आई-पैक निदेशक प्रतीक जैन के कार्यालय और घर से कुछ भी जब्त नहीं किया है।

टीएमसी ने अदालत में याचिका दायर कर प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) द्वारा आठ जनवरी को इन दोनों परिसर पर की गई छापेमारी के दौरान संभावित रूप से जब्त किए गए व्यक्तिगत और राजनीतिक डेटा को सुरक्षित रखने का आदेश देने का अनुरोध किया था।

इस घटनाक्रम पर प्रतिक्रिया देते हुए भाजपा की पश्चिम बंगाल इकाई के सह-प्रभारी अमित मालवीय ने ‘एक्स’ एक पोस्ट में कहा, “ममता बनर्जी के लिए भारी शर्मिंदगी।”

उन्होंने कहा, “कलकत्ता उच्च न्यायालय ने प्रवर्तन निदेशालय के खिलाफ ममता बनर्जी की आपत्ति को खारिज कर दिया है और उनके खुले हस्तक्षेप की कड़ी निंदा की है।’’

उन्होंने कहा, “अब मामला सर्वोच्च न्यायालय में है।” मालवीय ने आरोप लगाया कि कथित कोयला तस्करी और धन शोधन मामले से जुड़े मामले में प्रवर्तन निदेशालय की छापेमारी के दौरान बनर्जी ‘कैमरे के सामने केंद्रीय अन्वेषण एजेंसियों को धमकाने’ के प्रयास के तहत आई-पैक के परिसर में ‘बेधड़क प्रवेश’ कर गईं।

उन्होंने कहा, ‘‘यह घटना कानून के शासन के प्रति उनकी अवमानना ​​और भ्रष्टाचार का बचाव करने से जुड़ी उनकी निराशा को उजागर करती है। संवैधानिक अधिकारियों को राजनीतिक हथकंडों से डराया नहीं जा सकता और उच्च न्यायालय ने इसे स्पष्ट कर दिया है।’’

भाजपा नेता ने कहा, ‘‘न्यायपालिका ने मुख्यमंत्री को उनकी जगह बता दी है।’’ भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने भी बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा कि कलकत्ता उच्च न्यायालय का फैसला सत्ताधारी टीएमसी के लिए ‘बेहद शर्मनाक’ है।

भाषा संतोष प्रशांत

प्रशांत

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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