नयी दिल्ली, एक अप्रैल (भाषा) भारतीय सेना के शीर्ष कमांडरों ने मंगलवार को चीन और पाकिस्तान के साथ लगती सीमाओं पर राष्ट्रीय सुरक्षा चुनौतियों के अलावा उभरते क्षेत्रीय सुरक्षा परिदृश्य की पृष्ठभूमि में सेना की समग्र लड़ाकू क्षमता को बढ़ाने के तरीकों पर विचार-विमर्श शुरू किया।
सैन्य कमांडरों के सम्मेलन में रक्षा और सुरक्षा से जुड़े प्रमुख मुद्दों पर चर्चा होगी। चार दिन तक चलने वाला यह सम्मेलन मंगलवार को शुरू हुआ। इसका समापन चार अप्रैल को होगा।
यह शीर्ष स्तरीय सम्मेलन हर साल अप्रैल और अक्टूबर में आयोजित किया जाता है। यह वैचारिक स्तर पर विचार-विमर्श के लिए एक संस्थागत मंच है।
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह सम्मेलन में मुख्य भाषण देंगे। सिंह जिस सत्र में भाग लेंगे, उसमें ‘सुधारों के वर्ष’ में भारतीय सेना के जोर पर एक प्रस्तुति भी शामिल होगी।
सेना के वरिष्ठ कमांडरों को प्रमुख रक्षा अध्यक्ष जनरल अनिल चौहान भी संबोधित करेंगे।
भाषा रंजन प्रशांत
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