नयी दिल्ली, 14 मार्च (भाषा) देश से टायर का निर्यात चालू वित्त वर्ष (2022-23) में 15 प्रतिशत तक बढ़ने की उम्मीद है। उद्योग संगठन ऑटोमोटिव टायर मैन्यूफैक्चरर्स एसोसिएशन (एटीएमए) के चेयरमैन सतीश शर्मा ने मंगलवार को यह अनुमान जताया।
उन्होंने कहा कि वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं के साथ देश के तेजी से जुड़ने और विश्व स्तर पर अनुकूल नियामकीय परिवेश से भारत में विनिर्मित टायरों के लिए बाजार बढ़ा है।
संगठन ने शर्मा के हवाले से एक बयान में कहा, ”पिछले साल भारत से टायर निर्यात 50 प्रतिशत बढ़ा। हमें चालू वित्त वर्ष में निर्यात में लगभग 15 प्रतिशत की वृद्धि की संभावना हैं।”
उन्होंने संगठन के भागीदारी सम्मेलन-2023 में यह बात कही।
एटीएमए ने वाणिज्य मंत्रालय के आंकड़ों का हवाला देते हुए कहा कि चालू वित्त वर्ष के पहले नौ महीनों यानी अप्रैल-दिसंबर अवधि के दौरान भारत से टायर निर्यात 15 प्रतिशत बढ़कर 17,816 करोड़ रुपये हो गया। इससे एक साल पहले इसी अवधि में यह 15,507 करोड़ रुपये था।
शर्मा ने कहा, ”भारतीय टायर उद्योग को कच्चे माल के साझेदारों के लगातार समर्थन से घरेलू और निर्यात दोनों बाजारों में बढ़त को बनाए रखने में मदद मिली है। यह ऐसे समय में उद्योग के साथ खड़े रहे जब पहले कोविड और फिर भू-राजनीतिक चिंताओं के कारण आपूर्ति श्रृंखला बाधित हुई।”
शर्मा ने कहा, ”भारत का टायर उद्योग बढ़ती अर्थव्यवस्था की मांगों को पूरा करने के लिए तैयार है। उद्योग ने नई क्षमता के निर्माण और उत्पादन को बढ़ाने के लिए बीते तीन वर्ष में 35,000 करोड़ रुपये का निवेश पूरा किया है।”
भाषा रिया रमण
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