लखनऊ, 20 अगस्त (भाषा) उत्तर प्रदेश सरकार ने कहा है कि राज्य में कहीं भी उर्वरकों की दिक्कत या कमी नहीं है। किसानों के लिए पर्याप्त मात्रा में खाद उपलब्ध है। सरकार ने खाद के अनावश्यक भंडारण न करने की अपील की है।
सरकार ने बुधवार को किसानों और व्यापारियों से अनावश्यक जमाखोरी न करने का आग्रह करते हुए दोहराया कि कृषि संबंधी मांग को पूरा करने के लिए पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।
एक बयान के मुताबिक, कृषि विभाग ने सभी 18 मंडलों में खाद की उपलब्धता व बिक्री की जानकारी दी। खरीफ सत्र 2024 में इस अवधि (18 अगस्त) तक 36.76 लाख टन उर्वरक की बिक्री हुई थी, वहीं इस वर्ष अबतक 42.64 लाख टन उर्वरक बेचा जा चुका है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किसानों से अपील की है कि खाद का भंडारण न करें। जितनी आवश्यकता है, उतना खाद लें, जब-जब आवश्यकता है, तब-तब खाद लें। हर जनपद में शिकायत प्रकोष्ठ है। किसी भी परेशानी की स्थिति में अवगत कराएं।
मुख्यमंत्री ने उर्वरक की कालाबाजारी करने वालों को कड़ी चेतावनी भी दी है।
उन्होंने जनपद में तैनात अधिकारियों को समय-समय पर निरीक्षण करने, किसानों से संवाद स्थापित करने और समस्याओं का निस्तारण करने का निर्देश दिया है।
कृषि विभाग ने बताया कि प्रदेश में खाद की कोई कमी नहीं है।
प्रदेश में पिछले वर्ष की अपेक्षा इस साल अभी तक अधिक खाद वितरण किया जा चुका है। गत वर्ष 27.25 लाख टन यूरिया वितरण हुआ था, इस वर्ष अभी तक 31.62 लाख टन वितरण किया जा चुका है।
डीएपी 2024 में वितरण 5.28 लाख टन का रहा, इस वर्ष यह बिक्री 5.38 लाख टन हुई। एनपीके उर्वरक (नाइट्रोजन, फॉस्फोरस व पोटेशियम मिश्रण) का वितरण गत वर्ष 2.07 लाख टन रहा, इस वर्ष 2.39 लाख टन वितरण किया जा चुका है। एमओपी (म्यूरेट ऑफ पोटाश) 25 हजार टन के सापेक्ष इस वर्ष 46 हजार टन वितरित हुआ है।
वहीं एसएसपी (सिंगल सुपर फॉस्फेट) का वितरण 2024 में 1.91 लाख टन रहा, इस वर्ष किसानों को 2.79 लाख टन वितरण किया जा चुका है।
भाषा जफर नरेश अजय
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