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नयी दिल्ली, 21 दिसंबर (भाषा) कर्ज में डूबी रिलायंस कैपिटल की समाधान प्रक्रिया के तहत हुई नीलामी में बुधवार को टॉरेंट समूह ने सबसे ऊंची बोली लगाई।
सूत्रों ने कहा कि अहमदाबाद स्थित टॉरेंट समूह ने अनिल अंबानी समूह द्वारा स्थापित गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी (एनबीएफसी) के अधिग्रहण के लिए 8,640 करोड़ रुपये की बोली लगाई है।
उन्होंने बताया कि हिंदुजा समूह ने दूसरी सबसे बड़ी बोली लगाई है, जबकि ओकट्री ने नीलामी चरण में भाग नहीं लिया। कॉस्मिया पीरामल गठजोड़ पहले ही बोली प्रक्रिया से बाहर हो गया था।
सूत्रों ने कहा कि ऋणदाताओं की समिति (सीओसी) ने नीलामी के लिए 6,500 करोड़ रुपये की निचली मूल्य सीमा तय की थी।
राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) के एक आदेश के अनुसार कर्जदाताओं को 31 जनवरी, 2023 तक रिलायंस कैपिटल की समाधान प्रक्रिया पूरी करनी है।
भाषा पाण्डेय अजय
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