जम्मू, चार अप्रैल (भाषा) जम्मू-कश्मीर प्रशासन ने समग्र कृषि विकास कार्यक्रम (एचएडीपी) के तहत मौजूदा बाजार बुनियादी ढांचे को मजबूत करने, क्षेत्र की अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने और किसानों को लाभ पहुंचाने के उद्देश्य से गतिशील बाजार पारिस्थितिकी तंत्र मजबूत करने के लिए 560 करोड़ रुपये की परियोजना की घोषणा की है।
परियोजना का उद्देश्य किसानों के पक्ष में व्यापार की शर्तों (टीओटी) में सुधार करना, बाजार पारिस्थितिकी तंत्र की दक्षता को बेहतर करना और सामाजिक कल्याण को अधिकतम करते हुए मूल्य हानि को कम करना है।
कृषि उत्पादन विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव अटल डुल्लू ने कहा, ‘‘जम्मू-कश्मीर सरकार ने बाजार पारिस्थितिकी तंत्र को मजबूत करने और किसानों और उपभोक्ताओं को लाभ पहुंचाने के लिए एचएडीपी के तहत कृषि और संबद्ध क्षेत्रों में 560 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की है।’’
उन्होंने कहा कि जम्मू-कश्मीर इस परियोजना को उस कार्यक्रम के तहत लागू कर रहा है जिसका उद्देश्य मौजूदा बाजार के बुनियादी ढांचे को मजबूत करना और सभी अंशधारकों की जरूरतों को पूरा करने वाला एक मजबूत बाजार पारिस्थितिकी तंत्र बनाना है।
डुल्लू ने कहा कि ब्रांडिंग गतिविधियों में दो कृषि ब्रांडिंग केंद्रों का निर्माण, मौजूदा ब्रांडिंग प्रथाओं की मैपिंग, किसान और एफपीओ ब्रांड निर्माण प्रशिक्षण और कार्यशालाएं, और पर्यटन और होटल उद्योग के साथ ब्रांडेड उत्पादों का एकीकरण शामिल होगा। अंत में उत्पादन क्षेत्रों में ग्रामीण व्यापार और सेवा केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
बागवानी, योजना और विपणन निदेशालय परियोजना के जमीनी कार्यान्वयन के लिए जिम्मेदार होगा और संभावित व्यापारियों को एकीकृत लाइसेंस प्रदान करने के लिए नोडल एजेंसी के रूप में काम करेगा।
भाषा राजेश राजेश अजय
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