scorecardresearch
Tuesday, 17 March, 2026
होमदेशअर्थजगतगोदरेज एग्रोवेट ने खाद्य प्रसंस्करण मंत्रालय के साथ 960 करोड़ रुपये के निवेश के लिए समझौता किया

गोदरेज एग्रोवेट ने खाद्य प्रसंस्करण मंत्रालय के साथ 960 करोड़ रुपये के निवेश के लिए समझौता किया

Text Size:

नयी दिल्ली, 26 सितंबर (भाषा) गोदरेज एग्रोवेट लि. ने विनिर्माण, प्रसंस्करण और अनुसंधान सुविधाएं स्थापित करने के लिए 960 करोड़ रुपये के निवेश को लेकर खाद्य प्रसंस्करण मंत्रालय के साथ एक समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं।

कंपनी ने शुक्रवार को वर्ल्ड फूड इंडिया 2025 के दौरान खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय के साथ एक गैर-बाध्यकारी समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए।

गोदरेज एग्रोवेट ने शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि 960 करोड़ रुपये का यह प्रस्तावित निवेश विनिर्माण सुविधाओं और एक अनुसंधान एवं विकास केंद्र के माध्यम से अपनी खाद्य प्रसंस्करण क्षमताओं को बढ़ाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

गोदरेज एग्रोवेट के सीईओ और प्रबंध निदेशक (एमडी) सुनील कटारिया ने कहा, ‘‘यह समझौता ज्ञापन हमारी कृषि-खाद्य प्रसंस्करण और वितरण क्षमताओं को मजबूत करने की दीर्घकालिक रणनीति के अनुरूप है। बुनियादी ढांचा और अनुसंधान एवं विकास में निवेश करके, हमारा उद्देश्य आपूर्ति श्रृंखला में स्थायी मूल्य सृजन करना है और साथ ही परिवेश के उत्थान में योगदान देना है।’’

समझौते के तहत, गोदरेज एग्रोवेट एक अनुसंधान एवं विकास केंद्र के साथ-साथ विनिर्माण और प्रसंस्करण सुविधाएं भी स्थापित करेगा। कंपनी के ऑयल पाम और ‘पालतू पशुओं के खाद्य कारोबारों पर केंद्रित, यह निवेश आंध्र प्रदेश, असम, त्रिपुरा, तेलंगाना और महाराष्ट्र में फैला हुआ है।

खाद्य प्रसंस्करण उद्योग मंत्रालय के सचिव अविनाश जोशी ने कहा, ‘‘हमें गोदरेज एग्रोवेट के साथ साझेदारी करके खुशी हो रही है। समझौता ज्ञापन भारत के कृषि-खाद्य परिवेश को मजबूत करने और ग्रामीण विकास लक्ष्यों को आगे बढ़ाने के लिए हमारी साझा प्रतिबद्धता की पुष्टि करता है।’’

भाषा राजेश राजेश रमण

रमण

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

share & View comments