ईटानगर, 21 अक्टूबर (भाषा) अरुणाचल प्रदेश के एक उद्यमी प्रतिनिधिमंडल ने सोमवार को बैंकॉक में भारत-थाई चैंबर ऑफ कॉमर्स (आईटीसीसी) के साथ एक बैठक की, जिसमें खाद्य प्रसंस्करण, कृषि-व्यवसाय और पर्यटन क्षेत्रों में इस पूर्वोत्तर राज्य की क्षमता का प्रदर्शन किया गया।
प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व कर रहे, ईटानगर में ‘मेगा फूड पार्क’ परियोजना के प्रमुख प्रवर्तक, लिखा माज ने थाइलैंड के निवेशकों को अरुणाचल प्रदेश के ‘तेजी से बढ़ते’ खाद्य प्रसंस्करण उद्योग में भाग लेने के लिए आमंत्रित किया और विविध खाद्य-आधारित उद्यम स्थापित करने के लिए पार्क के भीतर 50 एकड़ भूमि की पेशकश की।
एक अधिकारी ने कहा कि उन्होंने ‘‘मुख्यमंत्री पेमा खांडू के नेतृत्व में राज्य के निवेशक-अनुकूल सुधारों’’ पर प्रकाश डाला और निवेशकों को थाइलैंड की कंपनियों के लिए मुफ्त भूमि, बिजली सब्सिडी, जीएसटी प्रतिपूर्ति और कई अन्य प्रोत्साहनों का आश्वासन दिया।’’
माज ने कहा, ‘‘अरुणाचल प्रदेश, जिसे अक्सर ‘भारत का फलों का कटोरा’ कहा जाता है, फल-आधारित और कृषि-प्रसंस्करण उद्योगों के लिए प्रचुर संसाधनों से युक्त है।’’ उन्होंने थाइलैंड के साथ पारस्परिक रूप से लाभकारी उपक्रमों में साझेदारी के लिए राज्य की तत्परता पर ज़ोर दिया।
आईटीसीसी के उपाध्यक्ष बीरेन सुरेंद्र पारिख ने राज्य में विशिष्ट निवेश अवसरों को समझने के लिए एक विस्तृत परियोजना रिपोर्ट (डीपीआर) मांगी है।
पारिख ने अरुणाचल प्रदेश के पर्यटन क्षेत्र में भी रुचि दिखाई।
अधिकारी ने कहा कि यह बैठक ‘‘अरुणाचल प्रदेश और थाइलैंड के बीच द्विपक्षीय सहयोग के एक नए अध्याय की शुरुआत करती है, जिससे प्रमुख विकास क्षेत्रों में मजबूत व्यापार और निवेश संबंधों का मार्ग प्रशस्त होगा।’’
भाषा राजेश राजेश अजय
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