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Monday, 30 March, 2026
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गरीबों का हक छीन रही है द्रमुक, भ्रष्ट सरकार को बरकरार रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं : मोदी

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(फोटो के साथ)

मदुरै (तमिलनाडु), एक मार्च (भाषा) प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने रविवार को द्रविड़ मुन्नेत्र कषगम (द्रमुक) पर हमला बोलते हुए दावा किया कि उसके मंत्री एक-दूसरे से घोटालों में प्रतिस्पर्धा करते हैं, जबकि पूर्व मुख्यमंत्री के. कामराज अपनी ईमानदारी के लिए जाने जाते थे।

उन्होंने द्रविड़ पार्टी पर यह भी आरोप लगाया कि जब कांग्रेस ने तमिलनाडु में सत्ता न मिलने के कारण “बदला” लेने के लिए कच्चतीवु द्वीप को छोड़ दिया, तब द्रमुक ने कुछ नहीं किया।

आगामी विधानसभा चुनाव से पहले राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की एक विशाल रैली को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस के वरिष्ठ नेता कामराज ने राजनीति में ईमानदारी की मिसाल कायम की थी।

उन्होंने द्रमुक सरकार पर गरीबों, युवाओं और किसानों का हक छीनने का आरोप लगाया और कहा कि ऐसी भ्रष्ट सरकार को बरकरार रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।

चेन्नई के निकट मदुरांतकम में 23 जनवरी को आयोजित रैली के बाद यह राजग की दूसरी रैली थी।

मोदी ने कहा कि जनता ने तमिलनाडु में राजग को सत्ता में लाने का निर्णय कर लिया है।

तमिलनाडु में एनडीए का नेतृत्व अन्नाद्रमुक कर रही है और इसके घटक दलों में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) तथा एएमएमके शामिल हैं।

उन्होंने कहा कि तमिलनाडु “कांग्रेस-मुक्त” बनने वाला पहला राज्य था, जहां छह दशक तक कांग्रेस सत्ता से दूर रही।

उन्होंने कहा, “इसके लिए कांग्रेस ने तमिलनाडु से बदला लिया। कांग्रेस ने कच्चतीवु दे दिया और तब द्रमुक ने कुछ नहीं किया।”

भारत सरकार ने 1970 के दशक में यह द्वीप श्रीलंका को सौंप दिया था।

उन्होंने कहा कि केंद्र में द्रमुक के समर्थन वाली कांग्रेस की सरकार ने प्रसिद्ध खेल जल्लीकट्टू पर प्रतिबंध लगाने की अधिसूचना जारी की थी। मोदी ने कहा, “एक अध्यादेश के माध्यम से हमने सुनिश्चित किया कि जल्लीकट्टू जारी रहे।”

भ्रष्टाचार के मुद्दे पर द्रमुक की आलोचना करते हुए मोदी ने कहा कि राजनीति में ईमानदारी की बात आने पर, पूर्व मुख्यमंत्री कामराज ने पूरे देश के लिए उदाहरण प्रस्तुत किया।

उन्होंने आरोप लगाया, “लेकिन द्रमुक ठीक इसके विपरीत है और 365 करोड़ रुपये के नकदी के बदले तबादला घोटाले, 900 करोड़ रुपये के नकदी के बदले नौकरी घोटाले, 1,000 करोड़ रुपये नकदी के बदले ठेका घोटाले और 4,700 करोड़ रुपये रेत खनन घोटाले में शामिल है।”

मोदी ने आरोप लगाया कि आमतौर पर मंत्री अच्छे कार्यों में एक-दूसरे से प्रतिस्पर्धा करते हैं, लेकिन द्रविड़ पार्टी में वे घोटालों में प्रतिस्पर्धा करते हैं।

उन्होंने कहा, “लेकिन वे किसका हक मार रहे हैं… गरीबों का, युवाओं का, किसानों का। ऐसी भ्रष्ट सरकार को सत्ता में बने रहने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है। इसलिए तमिलनाडु की जनता ने राजग की सरकार बनाने का निर्णय किया है। हम स्वच्छ छवि और काम करने वाली सरकार बनाएं।”

रैली में अन्नाद्रमुक के प्रमुख ई. के. पलानीस्वामी, एएमएमके संस्थापक टी. टी. वी. दिनाकरन और पीएमके के नेता अंबुमणि रामदास समेत गठबंधन के प्रमुख नेता उपस्थित थे।

कोयंबटूर में एक कार्यक्रम के दौरान उपमुख्यमंत्री उदयनिधि स्टालिन ने कहा था कि द्रमुक प्रधानमंत्री या उनके पिता से नहीं डरती।

प्रधानमंत्री ने उदयनिधि का नाम लिए बिना कहा, “हाल ही में मैंने सुना कि द्रमुक का कोई व्यक्ति कह रहा था कि वे मेरे पिता या मुझसे नहीं डरते।”

उन्होंने कहा, “मैं इसे स्पष्ट कर दूं—लोकतंत्र में कोई किसी से नहीं डरता। इसलिए जब कोई कहता है कि वह मुझसे नहीं डरता, तो वह मेरी आलोचना नहीं कर रहा होता; वास्तव में वह लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति मेरी प्रतिबद्धता की सराहना कर रहा होता है। अनजाने में उन्होंने मुझे सम्मान का प्रतीक दे दिया है।”

राज्य में कानून-व्यवस्था की स्थिति पर प्रधानमंत्री ने कहा कि अपराध बढ़ने के कारण महिलाएं गंभीर संकट में हैं और नशा माफिया तथा शराब के कारण उनके परिवार बर्बाद हो रहे हैं।

मोदी ने कहा कि लोगों को याद है कि दिवंगत मुख्यमंत्री जे. जयललिता के शासन में उनका जीवन कितना बेहतर था।

उन्होंने कहा, “मैं तमिलनाडु की प्रत्येक मां, बहन और बेटी को आश्वस्त करता हूं कि जैसे ही राजग की सरकार बनेगी, हम कानून-व्यवस्था पर ध्यान केंद्रित करेंगे।” उन्होंने कहा कि नशा माफिया और अपराधियों को सलाखों के पीछे भेजा जाएगा और महिलाओं की सुरक्षा, गरिमा व सशक्तीकरण सुनिश्चित किया जाएगा।

उन्होंने दावा किया कि द्रमुक ने न तो गरीबों के लिए काम किया और न ही दूसरों को काम करने दिया।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत लगभग तीन लाख घर लंबित हैं, क्योंकि पार्टी के नेतृत्व वाली सरकार ने सर्वेक्षण नहीं कराया और प्रक्रिया में देरी की।

उन्होंने सवाल किया, “द्रमुक की ओछी राजनीति के कारण लाखों गरीब परिवारों को क्यों कष्ट झेलना चाहिए?”

मोदी ने कहा कि 2021 में सत्ता में आने के बावजूद द्रमुक सुशासन देने में विफल रही और “राज्य को लूटा, वंशवादी राजनीति को बढ़ावा दिया और जनता की आकांक्षाओं की अनदेखी की।”

मोदी ने कहा, “द्रमुक ने मदुरै में माफिया-शैली की राजनीति शुरू की। उन्होंने खराब सड़कों, कमजोर जलनिकासी और कचरा प्रबंधन पर ध्यान नहीं दिया। उन्होंने मदुरै को स्वच्छता की राष्ट्रीय रैंकिंग में सबसे नीचे पहुंचा दिया।”

मोदी ने कहा कि भ्रष्टाचार के कारण मदुरै के द्रमुक के महापौर को इस्तीफा देना पड़ा।

रैली को संबोधित करने से पहले प्रधानमंत्री ने तिरुपरनकुंद्रम में स्थित श्री सुब्रमण्य स्वामी मंदिर में पूजा-अर्चना की।

उन्होंने कहा कि उन्हें दुख है कि एक युवा श्रद्धालु पूर्णचंद्र ने पिछले वर्ष कार्तिगई दीपम उत्सव के दौरान विवाद के चलते पत्थर के स्तंभ पर दीप प्रज्वलित नहीं किए जाने के दौरान अपना जीवन कुर्बान कर दिया।

उन्होंने शोकाकुल परिवार से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की।

भाषा जोहेब दिलीप

दिलीप

यह खबर ‘भाषा’ न्यूज़ एजेंसी से ‘ऑटो-फीड’ द्वारा ली गई है. इसके कंटेंट के लिए दिप्रिंट जिम्मेदार नहीं है.

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